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खुशखबरी : बीबीएयू ने घटा दी कई कोर्सेज की फीस

Fri, 14 Mar 2014 08:22 AM IST
आशीष त्रिवेदी/अमर उजाला, लखनऊ
आशीष त्रिवेदी/अमर उजाला, लखनऊ Updated Fri, 14 Mar 2014 08:22 AM IST
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bbau deducted fee of several courses

बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर केंद्रीय विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में कोर्सेज की फीस 50 प्रतिशत तक घटाई गई है।

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नए सत्र में अधिक से अधिक छात्रों को अपनी ओर आकर्षित करने के लिए बीबीएयू प्रशासन ने फीस में काफी कमी की है।

इसमें बीटेक, एमटेक, एलएलएम व एमएससी/एमए में शुरू किए गए कंटमप्रेरी और इनोवेटिव कोर्स शामिल हैं। एमबीए की फीस 75 हजार से घटाकर 40 हजार करने के बाद बीबीएयू प्रशासन ने कई और कोर्सेज की फीस घटाने का फैसला किया।

उसने सत्र 2014-15 में दाखिला लेने वाले स्टूडेंट्स को बड़ी राहत देने की तैयारी कर ली है। इसके पीछे यूनिवर्सिटी की मंशा है कि अधिक से अधिक स्टूडेंट्स का दाखिला बीबीएयू में करवाया जाए।
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एमएससी रिजनरेटिव बॉयोलॉजी एंड टिशू इंजीनियरिंग 75000 से घटाकर 25000 रुपये कर दी है, यानी यह ऐसा कोर्स है, जिसमें फीस घटाकर एक तिहाई कर दी है।

बीबीएयू के प्रवक्ता डॉ. गोविंद जी पांडेय ने बताया कि बीबीएयू प्रशासन ने कई कोर्सेज की फीस घटाकर स्टूडेंट्स को तोहफा दिया है।

इसके पीछे मकसद यह है कि ऐसे स्टूडेंट जो कि अधिक फीस के कारण अच्छे कोर्स नहीं पढ़ पा रहे, वे भी अब दाखिला ले पाएंगे।

यूनिवर्सिटी प्रशासन का मकसद राजधानी में अच्छे कोर्सेज चलाकर स्टूडेंट्स को बेहतर प्लेसमेंट दिलवाना है। इससे आगे खुद ब खुद स्टूडेंट्स इन कोर्सेज की ओर आकर्षित होंगे।
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फिलहाल, एलएलएम कोर्स की फीस 1,44,000 से घटाकर 80,000 रुपये कर दी गई है। सूत्रों की मानें तो एलएलएम की फीस में अभी और कमी होने की उम्मीद है।

हालांकि इस पर फैसला आगे किया जाएगा। मालूम हो कि बीते साल बीबीएयू में कई कंटमप्रेरी व इनोवेटिव कोर्स खोले गए थे लेकिन उनमें से अधिकांश चल नहीं पाए थे।

उस समय भी फीस घटाकर कुछ कोर्सेज को चलाया गया था। इस बार बीबीएयू अपने 26 रेग्युलर कोर्सेज सहित कंटमप्रेरी व इनोवेटिव कोर्स मिलाकर कुल 44 कोर्सेज में दाखिले के लिए ऑनलाइन आवेदन जारी कर चुका है।


वर्ष 1996 में खुली इस यूनिवर्सिटी में बीते वर्षों प्रयास के बाद छात्र संख्या बढ़कर तीन हजार के लगभग हुई है। अब बीबीएयू प्रशासन किसी भी कीमत पर इसमें और बढ़ोतरी चाहता है।

यूनिवर्सिटी में इंफ्रास्ट्रक्चर की कोई कमी नहीं है लेकिन फिर भी स्टूडेंट इस ओर रुख नहीं कर रहे।

ऐसे में बीबीएयू प्रशासन ने पाया कि शायद कोर्सेज की फीस राजधानी के अनुसार बहुत अधिक है। यही कारण है कि बीबीएयू प्रशासन ने फीस घटाने का फैसला लिया है।

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