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दाखिले पर तकरारः हाईकोर्ट की शरण में पहुंचे छात्र
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
Updated Tue, 12 Aug 2014 12:16 PM IST
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बीते सप्ताह नैनीताल हाईकोर्ट की ओर से आए अनुमन्य सीटों पर दाखिले के फैसले पर दोबारा विचार के लिए अब छात्र संगठन नैनीताल पहुंच गए हैं।
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पुनर्विचार याचिका दायर करेंगे छात्र
मंगलवार को हाईकोर्ट के फैसले के बीच छात्र पुनर्विचार याचिका दायर करेंगे। नैनीताल पहुंचे डीएवी के पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष अंशुल चावला ने बताया कि सरकार और कालेजों की ओर से कॉलेजों में दाखिलों की स्थिति पर हाईकोर्ट में कमजोर पैरवी की गई है।
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इस वजह से हाईकोर्ट का यह फैसला छात्रों के लिए परेशानी की वजह बन रहा है। इस नाते वह पुनर्विचार याचिका दायर करने के लिए नैनीताल पहुंचे हैं।
सोमवार को केस से जुड़े सभी कागजात इकट्ठे करने के बाद मंगलवार को वह पुनर्विचार याचिका दायर करेंगे। उनके साथ डीएवी छात्र संघ अध्यक्ष सिद्धार्थ राणा, आर्यन ग्रुप के भगवती प्रसाद, सत्यम ग्रुप के अंकित जोशी और सचिन नैथानी भी नैनीताल गए हैं।
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बायोमीट्रिक हाजिरी पर आ सकता है फैसला
प्रदेश के महाविद्यालयों में केवल अनुमन्य सीटों पर ही दाखिले का आदेश जारी कर चुके उच्च न्यायालय में मंगलवार को बाकी मामलों पर फैसला आ सकता है।
हाईकोर्ट में दायर जनहित याचिका में टीचर्स एसोसिएशन ने भी पक्ष बनने की मांग की थी, जिसे स्वीकार कर लिया गया है। बायोमीट्रिक हाजिरी पर चल रहे भारी विरोध के बीच आज हाईकोर्ट अपना फैसला सुना सकता है।
नैनीताल हाईकोर्ट में दौलतराम सेमवाल ने एक जनहित याचिका दायर की थी। जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए बीते सप्ताह नैनीताल हाईकोर्ट ने सरकार की याचिका को खारिज करते हुए इसी सत्र से केवल अनुमन्य सीटों पर दाखिले का आदेश जारी किया था।
इसके बाद राज्य सरकार दाखिले से वंचित रहने वाले छात्रों के लिए इंतजाम करने में जुटी है। सरकार ने इसके साथ ही हाईकोर्ट में पुनर्विचार याचिका दायर करने की बात भी कही है।