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बीस हजार ने दी एचएएस परीक्षा

Sun, 15 Jun 2014 09:13 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला Updated Sun, 15 Jun 2014 09:13 PM IST
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20 thousand candidates appear for the HPAS exam

हिमाचल प्रदेश में प्रशासनिक सेवा अधिकारियों के चयन को पहली बार यूपीएससी पैट्रन पर एचएएस की परीक्षा ली गई। ऐच्छिक विषय के बगैर पहली बार 20 हजार 198 उम्मीदवारों ने यह इम्तिहान दिया। हालांकि, इस परीक्षा में आधे ही उम्मीदवार बैठे।

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राज्य में 130 केंद्रों पर यह प्रशासनिक सेवा परीक्षा ली गई। रविवार को एचएएस की यह परीक्षा 34 पदों के लिए हुई। इसके लिए 39 हजार 27 उम्मीदवारों ने आवेदन कर रखे थे। इनमें से परीक्षा में महज आधे लगभग 51.75 परीक्षार्थी ही अपीयर हुए।
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सवेरे 10 से 12 बजे के बीच जनरल स्टडीज और दोपहर बाद 2 से 4 बजे के बीच एप्टीट्यूड का टेस्ट हुआ। दोनों ही परीक्षाएं 200-200 यानी 400 अंकों की हुईं। आईएएस का पैट्रन शुरू करने से मतलब भी इसी से है कि इस बार एप्टीट्यूड टेस्ट पहली बार शुरू किया गया है।
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पूर्व में इसके स्थान पर ऐच्छिक विषय होता था। आयोग के अवर सचिव त्रिलोक सिंह चौहान ने कहा है कि पहली बार एचएएस की परीक्षा में आईएएस की तर्ज पर एप्टीट्यूड टेस्ट शुरू किया गया है। पहले इसके स्थान पर ऐच्छिक विषय होता था।

उम्मीदवारों एप्टीट्यूड टेस्ट पर उंगली उठाई  
शिमला। नए पैट्रन पर एचएएस परीक्षा देने वाले डा. वेदप्रकाश शर्मा, डा. सतीश ठाकुर, नियम गुलेरिया, रजनीश ठाकुर और दुनी चंद ने कहा है कि आईएएस पैट्रन पर एप्टीट्यूड टेस्ट शुरू करने का स्वागत है, मगर जैसे इस बार का पहला पेपर सेट किया गया है, वह कतई सही नहीं।

इसे आईएएस के एप्टीट्यूड टेस्ट पेपर की तरह सेट होना होना चाहिए था, न कि बैंक क्लर्क के पेपर की तरह। इसमें जिस तरह से न्युमेरिकल्स डाले गए थे, उससे कला संकाय से पढ़ने वाले उम्मीदवार पास ही नहीं हो सकते। उनकी तैयारियां इस तरह की नहीं थी।


आयोग को इस पर अनुरोध भी किया गया था, मगर गौर ही नहीं किया गया। अवर सचिव त्रिलोक सिंह चौहान ने कहा कि  पेपर को सिलेबस के हिसाब से ही तय किया था। इस बारे में पहले ही अवगत करवा दिया गया था।

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