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फेसबुक पर प्यार ने पहले पहुंचाया जेल, फिर करवा दी शादी
amarujala.com- Presented By: अभिषेक तिवारी
Updated Fri, 21 Apr 2017 08:57 PM IST
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file photo
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झारखंड के धनबाद में एक अजीबो-गरीब शादी का मामला सामने आया है। मामले में प्रेमिका ने प्रेमी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई तो वह शादी के लिए राजी हो गया।लोग कहते हैं कि शादी के बाद जीवन स्वर्ग बन जाता है, लेकिन यह मामला फेसबुक से शुरू होकर जेल में पहुंच गया।
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हालांकि इस मामले में दुल्हन एक पुलिस वैन में हाथ में हथकड़ी डाले हुए अपने माता-पिता के साथ विवाह रजिस्ट्रार ऑफिस में पहुंचने पर दस्तावेजों के आधार पर उन्हें पति और पत्नी घोषित किया गया। लेकिन यह कोई नियमित तरीके वाली शादी नहीं थी उन्हें फेसबुक पर प्यार हुआ मगर उसने लड़की से शादी करने से मना कर दिया। इसके बाद लड़की से युवक को जेल भिजवा दिया।
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लेकिन कुछ समय बाद युवक का मन बदला और उन्होंने गुरुवार को धनबाद में शादी कर ली। लेकिन यह शादी आमतौर होने वाली शादियों से पूरी तरह से अलग है। इस शादी में दूसरे जोड़ों से उलट वे हाथ में हाथ लिए हुए समारोह से दूर चलते हैं। दुल्हन ने बिहार के इंजीनियर रितेश कुमार (28)से शादी करने के बाद वापस जेल भेज दिया। और दुल्हन 23 वर्षीय सुदीप्ति कुमारी वापस अपने माता-पिता के साथ घर लौट गयी।
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दुल्हन के पिता हरदाहन महली ने संवाददाताओं से कहा कि वह रितेश से प्यार और उसकी भावनाओं का सम्मान करते हैं। उन्होंने आगे कहा कि जब शादी के लिए प्रस्ताव आया, तब मैं न नहीं कर सका। अब मेरी कोशिश है कि दोनों को मिला दूं। हालांकि मामले में दूल्हे की मां ने टिप्पणी से इनकार कर दिया। मामले की अगली सुनवाई आने वाले सोमवार को होनी है।
जानें कैसे घटा पूरा मामला-
सूत्रों के अनुसार इन दोनों की मुलाकात पहली बार फेसबुक के जरिये 2012 में हुई थी, इसके बाद उनके बीच चैटिंग और मिलना हुआ। कुछ समय के बाद दोनों एक-दूसरे से प्यार करने लगे। रितेश बिहार के किहल्गांव में राष्ट्रीय थर्मल पावर स्टेशन के साथ काम कर रहा था। रितेश की सुदीप्ति से मुलाकात उसकी एक धनबाद यात्रा के दौरान हुई।
इसके बाद उन्होंने गुपचुप तरीके से एक मंदिर में शादी कर ली। लेकिन जब सुदीप्ति ने रितेश से औपचारिक रूप से शादी करने के लिए बोली तो उसने बहस करते हुए इससे मना कर दिया। उसने तर्क दिया अगर वह उससे शादी करता है तो उसकी मां अनीता देवी आत्महत्या कर लेंगी। इस बाद सुदीप्ति को अहसास हुआ कि उसके साथ चीट किया गया है तो उसने फरवरी 2017 को रितेश के खिलाफ यौन उत्पीड़न और हर्जन एक्ट का केस दर्ज कराया। बता दें कि पीडिता एससी वर्ग से आती है।
पुलिस ने मामला दर्ज कर रितेश को जेल में डाल दिया। लेकिन इस कहानी का अंत यही नहीं हुआ। दोस्तों ने सुदीप्ति को सलाह दी कि वह रितेश से जाकर जेल में मिले। इसके एक हफ्ते बाद रितेश ने सुदीप्ति के शादी का प्रस्ताव स्वीकार कर लिया। रितेश ने जेल से कोर्ट में शादी करने के लिए अप्लाई किया। कोर्ट से अनुमति मिलने के बाद दोनों के परिवार जनों की मुलाकात कोर्ट में गुरुवार को हुई। रितेश को कानूनी रूप से शादी करने के बाद वापस जेल भेज दिया गया।
रितेश के वकील अभय भट्ट का कहना है कि विवाह की अनुमति दी गई, क्योंकि रितेश और सुदीप्ति दोनों ही वयस्क थे, लेकिन दूल्हे को जेल से बाहर निकालना कठिन होगा क्योंकि अदालत ने पहले ही जमानत याचिका को खारिज कर दिया है, हमें यह देखना होगा कि मामला रितेश के पक्ष में कैसे खत्म हो जाता है और कैसे वह जेल से बाहर आ सकता है। हालांकि आरोपी दुल्हे के वकील ने कहा कि उम्मीद है कि सोमवार को सुदीप्ति के बयान के आधार पर जज रितेश को रिहा करने पर फैसला सुना सकता है।