अबॉर्शन ने ली जान, पिता ने पति के घर के बाहर ही किया बेटी का अंतिम संस्कार
लड़का पैदा न होने पर महाराष्ट्र का एक परिवार बहू से इस कदर नाराज था कि इसका खामिजाया उसकी जान से पूरा हुआ है। सनकी ससुराल वाले रोज रेनुका (बदला हुआ नाम) को लड़का न होने पर प्रताड़ित किया करते थे। और महिला की मौत के बाद की उसके पिता ने इसका विरोध करने के लिए उसका अंतिम संस्कार ससुराल वालों की गली के बाहर ही कर दिया।
ये सब महाराष्ट्र के संघली जिले के एक छोटे से गांव में हुआ है, जहां रहने वाले पिता सुनील जाधव ने आरोप लगाया है कि जबरन अबॉर्शन की वजह से उनकी बेटी की मौत हुई। दरअसल, रेनुका पहले ही दो लड़कियों को जन्म दे चुकी थी।
इस बार जब वो प्रेग्नेंट हुई तो पति समेत ससुराल वालों में पोते की चाहत फिर से उभरने लगी। उन्होंने किसी तरह पूर्व लिंग चेक करवा लिया और वहीं हुआ जिसे उनका डर था। इस बार भी रेनुका लड़की को ही जन्म देने वाली थी।
अब सभी ने रेनुका पर अबॉर्शन का दबाव बनाना शुरू कर दिया, लेकिन रेनुका इसके राजी नहीं थी। ससुराल वाले उसे जबरन छोटे क्लिनीक पर ले गए जहां उसका जबरन अबॉर्शन करवाया गया।
लेकिन 1 मार्च को बड़ी गलती के चलते रेनुका की मौत हो गई।
ससुराल वालों ने मायकेवालों को बोला की रेनुका की मौत दिल का दौरा पड़ने से हुई है। लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पूरा सच सामने आया तो रेनुका के परिवारवालों के पैरों तले जमीन खिसक गई।
पुलिस ने जांच में पाया कि जिस क्लिनiक में रेनुका अबॉर्शन करने की कोशिश की गई है वो इस गैरकानूनी धंधे को लंबे समय से चला रहा था। इतना ही नहीं पूर्व लिंग जांच और अबॉर्शन की के लिए मोटी रकम वसूली जाती है।