झारखंड में सीबीआई को जांच के लिए लेनी होगी इजाजत, ऐसा करने वाला बना आठवां राज्य
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झारखंड सरकार ने राज्य में किसी मामले की सीबीआई (केंद्रीय जांच ब्यूरो) जांच के लिए सामान्य सहमति को वापस लेने का फैसला किया है। इसके बाद अब सीबीआई को झारखंड में किसी भी मामले की जांच के लिए राज्य सरकार की इजाजत लेना जरूरी होगा। बता दें कि झारखंड ऐसा करने वाला आठवां राज्य बन गया। इससे पहले केरल, बंगाल, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश और राजस्थान समेत अन्य राज्यों ने सामान्य सहमति वापस ले चुके हैं।
Jharkhand Government revokes general consent to the Central Bureau of Investigation to carry out any investigation in the state
— ANI (@ANI) November 5, 2020विज्ञापन
राज्य सरकार के गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग ने दिल्ली विशेष पुलिस प्रतिष्ठान के सदस्यों को एक कानून (दिल्ली स्पेशल पुलिस इस्टेबलिशमेंट एक्ट 1946 ( 25 ऑफ 1946) के तहत राज्य में शक्तियों और न्यायक्षेत्र के इस्तेमाल की सहमति को वापस लेने संबंधी आदेश जारी कर दिया गया है।
इसके बाद सीबीआई को अब झारखण्ड में शक्तियों और न्यायाक्षेत्र के इस्तेमाल के लिए आम सहमति नहीं होगी, जो झारखण्ड सरकार (तत्कालीन बिहार) द्वारा 19 फरवरी 1996 को जारी एक आदेश के तहत दी गई थी।
बता दें कि झारखंड में झामुमो के हेमंत सोरेन के नेतृत्व में सरकार है और इसमें कांग्रेस गठबंधन सहयोगी है। इन राज्यों का आरोप है कि भाजपा शासित केंद्र सरकार, राजनीतिक विरोधियों को परेशान करने के लिए केंद्रीय जांच एजेंसी का दुरुपयोग कर रही है।