{"_id":"600c3e8a8ebc3e32a334b879","slug":"jammu1611415178","type":"story","status":"publish","title_hn":"एक परिवार लुट रहा है धर्मार्थ ट्रस्ट की संपत्ति","category":{"title":"Local","title_hn":"लोकल","slug":"local"}}
जम्मू। धर्मार्थ ट्रस्ट के अधीन आने वाले मंदिरों की संपत्ति को एक परिवार अवैध तरीके से लुट रहा है। ट्रस्ट की भूमि सहित प्राचीन मूर्तियों को बेचा गया है। यह बात धर्मार्थ ट्रस्ट इंपलाइज एसोसिएशन के बैनर तले प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने कही। काम छोड़ हड़ताल के 54 वें दिन शनिवार को कर्मचारियों ने ट्रस्ट प्रबंधन के खिलाफ प्रदर्शन कर सरकार से श्राइन बोर्ड का गठन करने की मांग की। एसोसिएशन के अध्यक्ष विवेक बांद्राल ने कहा कि धर्मार्थ ट्रस्ट प्रबंधन द्वारा करोड़ रुपए का भूमि घोटालों किया है, जिसकी जांच सीबीआई से कराने को कहा। उन्होंने कहा कि ट्रस्ट में भ्रष्टाचार का बोलबाला है और जब-तक ट्रस्ट के लिए बोर्ड का गठन नहीं किया जाएगा इस स्थिति में सुधार नहीं होगा। धर्मार्थ ट्रस्ट का नियंत्रण रखने वाले व्यक्ति ने निजी और राजनीतिक लाभ के लिए ट्रस्ट भूमि और संपत्ति को अवैध रूप से कब्जा कर लिया और बेच दिया है। उन्होंने कहा कि अब यह गंभीर चिंता का विषय है कि डॉ. कर्ण सिंह के दोनों बेटे विक्रमादित्य सिंह और अजातशत्रु सिंह धर्मार्थ ट्रस्ट में हुए विभिन्न घोटालों में शामिल हैं और यहां तक कि उन्होंने कश्मीर और राजौरी में मंदिरों की जमीन गैर-हिंदुओं को भी बेच दी है। इस बीच एसोसिएशन की कार्यकारी निकाय की बैठक भी हुई, जिसमें यह निर्णय लिया गया है कि मंदिर भूमि घोटालों में शामिल दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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