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बगलिहार परियोजना दो से उपभोक्ताओं को उम्मीदें
Jammu
Updated Thu, 27 Mar 2014 05:32 AM IST
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जम्मू। बगलिहार पन बिजली परियोजना-दो से रियासत के बिजली विभाग के अलावा उपभोक्ताओं को भी उम्मीद है। परियोजना के अगले साल 2015 में पूरा होने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस परियोजना के निर्माण के बाद बिजली संकट से कुछ राहत रियासत के लोगों को मिल सकती है।
आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार चिनाब दरिया पर बन रही 450 बिजली उत्पादन की क्षमता की बगलिहार दो परियोजना पर काम जारी है। इस परियोजना का निर्माण स्टेट सेक्टर के अंतर्गत पावर डेवलपमेंट कारपोरेशन कर रही है। अगले साल 2015 में परियोजना के पूरा होने की उम्मीद है। 450 मेगावाट बिजली का उत्पादन बढ़ने से बिजली संकट में हलकी राहत मिलेगी। मौजूदा समय में रियासत में बिजली की मांग बढ़कर 2600 मेगावाट तक का आंकड़ा पार कर चुकी है, जबकि रियासत के अपने बिजली उत्पादन के अलावा सालाना 4000 करोड़ की बिजली खरीद कर भी 1600 मेगावाट के आसपास ही बिजली की उपलब्धता हो पा रही है। एक हजार मेगावाट के करीब बिजली के शार्टफाल की वजह से बिजली विभाग अघोषित कटौती का सहारा लेता है। गर्मियों में जम्मू संभाग में कटौती बढ़ने से लोगों को बुरा हाल हो जाता है।
बिजली राज्य मंत्री विकार रसूल के अनुसार रियासत सरकार ने अगले आठ नौ साल में रियासत में 9000 मेगावाट बिजली उत्पादन का टारगेट रखा है। साल 2015 में बगलिहार दो परियोजना के पूरा होने से टारगेट की कदम बढ़ेंगे।
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आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार चिनाब दरिया पर बन रही 450 बिजली उत्पादन की क्षमता की बगलिहार दो परियोजना पर काम जारी है। इस परियोजना का निर्माण स्टेट सेक्टर के अंतर्गत पावर डेवलपमेंट कारपोरेशन कर रही है। अगले साल 2015 में परियोजना के पूरा होने की उम्मीद है। 450 मेगावाट बिजली का उत्पादन बढ़ने से बिजली संकट में हलकी राहत मिलेगी। मौजूदा समय में रियासत में बिजली की मांग बढ़कर 2600 मेगावाट तक का आंकड़ा पार कर चुकी है, जबकि रियासत के अपने बिजली उत्पादन के अलावा सालाना 4000 करोड़ की बिजली खरीद कर भी 1600 मेगावाट के आसपास ही बिजली की उपलब्धता हो पा रही है। एक हजार मेगावाट के करीब बिजली के शार्टफाल की वजह से बिजली विभाग अघोषित कटौती का सहारा लेता है। गर्मियों में जम्मू संभाग में कटौती बढ़ने से लोगों को बुरा हाल हो जाता है।
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बिजली राज्य मंत्री विकार रसूल के अनुसार रियासत सरकार ने अगले आठ नौ साल में रियासत में 9000 मेगावाट बिजली उत्पादन का टारगेट रखा है। साल 2015 में बगलिहार दो परियोजना के पूरा होने से टारगेट की कदम बढ़ेंगे।
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