{"_id":"27-32052","slug":"Jammu-32052-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"नवरेह मिलन फेस्टिवल की धूम रही","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नवरेह मिलन फेस्टिवल की धूम रही
Jammu
Updated Mon, 22 Apr 2013 05:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू। माइग्रेंट कोआर्डिनेशन कमेटी दोरू शाहबाद की ओर से रविवार को नवरेह मिलन समारोह का आयोजन किया गया। इसमें बड़ी संख्या में कश्मीरी पंडितों ने शिरकत कर भाईचारे और एकजुटता दिखाई। इस दौरान पर्यटन पंत्री गुलाम अहमद मीर ने कहा कि नवरेह पर्व पंडितों के प्यार को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि विकट परिस्थितियों में भी राज्य के लोगों ने भाईचारे और एकता को कायम रखा है। मंत्री ने भरोसा दिलाया कि खासकर दोरू के पंडितों की समस्याओं और मांगों पर शीघ्र काम किया जाएगा। पर्यटक स्थलों पर विस्थापितों की जायदाद को सुरक्षित रखने के लिए उचित कदम उठाए जा रहे हैं। पवित्र मंदिरों को विकसित करने के लिए सकारात्मक प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि दोरू शाहबाद को पर्यटन मानचित्र पर लाने के लिए उचित प्रयास किए जाएंगे। सरकार पीपीपी और आईपीपी मोड्स पर पर्यटन को विकसित करने की दिशा में भी काम कर रही है। रियासत में पवित्र धर्मों के अलावा सूफी संत बसे हैं, जिन्हें विश्व में आगे लाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। कश्मीर में श्री बाबा अमरनाथ और जम्मू स्थित श्री माता वैष्णो देवी में हर साल एक करोड़ से ज्यादा यात्री पहुंच रहे हैं। रियासत में देश विदेश से आने वाले पर्यटकों को दूसरे पर्यटक स्थलों की तरफ रुझान बढ़ाने की जरूरत है। इसके लिए वैष्णो देवी में आने वाले यात्रियों को जम्मू के कई पर्यटक स्थलों की ओर आकर्षित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। इससे आर्थिक स्तर पर मजबूती मिलने के साथ स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के साधन बढ़ेंगे। इस अवसर पर अजय भारती, ओमकार नाथ शास्त्री, सोमनाथ वीर, टीके रैना, मोहन लाल कौल, देश रतन, पीएन पंडित आदि ने नवरेह पर प्रकाश डाला।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि विकट परिस्थितियों में भी राज्य के लोगों ने भाईचारे और एकता को कायम रखा है। मंत्री ने भरोसा दिलाया कि खासकर दोरू के पंडितों की समस्याओं और मांगों पर शीघ्र काम किया जाएगा। पर्यटक स्थलों पर विस्थापितों की जायदाद को सुरक्षित रखने के लिए उचित कदम उठाए जा रहे हैं। पवित्र मंदिरों को विकसित करने के लिए सकारात्मक प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि दोरू शाहबाद को पर्यटन मानचित्र पर लाने के लिए उचित प्रयास किए जाएंगे। सरकार पीपीपी और आईपीपी मोड्स पर पर्यटन को विकसित करने की दिशा में भी काम कर रही है। रियासत में पवित्र धर्मों के अलावा सूफी संत बसे हैं, जिन्हें विश्व में आगे लाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। कश्मीर में श्री बाबा अमरनाथ और जम्मू स्थित श्री माता वैष्णो देवी में हर साल एक करोड़ से ज्यादा यात्री पहुंच रहे हैं। रियासत में देश विदेश से आने वाले पर्यटकों को दूसरे पर्यटक स्थलों की तरफ रुझान बढ़ाने की जरूरत है। इसके लिए वैष्णो देवी में आने वाले यात्रियों को जम्मू के कई पर्यटक स्थलों की ओर आकर्षित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। इससे आर्थिक स्तर पर मजबूती मिलने के साथ स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के साधन बढ़ेंगे। इस अवसर पर अजय भारती, ओमकार नाथ शास्त्री, सोमनाथ वीर, टीके रैना, मोहन लाल कौल, देश रतन, पीएन पंडित आदि ने नवरेह पर प्रकाश डाला।
विज्ञापन