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छाती के एक्स-रे से संक्रमण की संभावना बताएगा एआई आधारित उपकरण

Tue, 30 Jun 2020 06:34 AM IST
संजीव कुमार झा अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: संजीव कुमार झा Updated Tue, 30 Jun 2020 06:34 AM IST
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X-ray of chest will reveal the possibility of AI based device infection
chest x-ray - फोटो : social media

आईआईटी गांधीनगर के अनुसंधानकर्ताओं ने छाती के एक्स-रे से कोविड-19 का पता लगाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस(एआई) आधारित उपकरण विकसित किया है। यह ऑनलाइन उपकरण किसी व्यक्ति के कोविड-19 से संक्रमित होने की संभावना को दर्शाता है।

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चिकित्सीय परीक्षण से पहले त्वरित प्रारंभिक निदान के लिए इसका इस्तेमाल किया जा सकता है। इस एआई आधारित उपकरण का परीक्षण इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक हेल्थ (आईआईपीएच) द्वारा किया जा रहा है।
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आईआईटी गांधीनगर के कंप्यूटर विज्ञान व इंजीनियरिंग विभाग में एमटेक के छात्र कुशपाल सिंह यादव ने बताया कि कोविड-19 के लिए सीमित परीक्षण सुविधाओं को देखते हुए, एक्स-रे का उपयोग कर त्वरित विश्लेषण के लिए एआई उपकरण विकसित करने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
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एक विश्वसनीय उपकरण विकसित करने के लिए सही एल्गोरिदम और आंकड़ों के संयोजन की जरूरत होती है। ऐसे स्थान पर हमारा उपकरण उपयोगी साबित होगा और नैदानिक उद्देश्यों के लिए प्रशिक्षित किया जा सकता है । यही नहीं इसे व्यापक उपयोग के लिए उपलब्ध कराया जा सकता है।

मॉडल में तंत्रिका नेटवर्क की 12 परतें

कुशपाल  यादव ने बताया कि जिस मॉडल का उपयोग किया, उसमें तंत्रिका नेटवर्क की 12 परतें हैं। यह जो मानव मस्तिष्क के न्यूरॉन के समान है। इस विधि में यह फायदा है कि एक्स-रे तस्वीरें बीमारी का पता लगा सकती है। अमेरिका में प्रिंसटन विश्वविद्यालय के अनुसंधानकर्ताओं ने हाल ही में कोरोना वायरस का पता लगाने के लिए एआई आधारित एक उपकरण तैयार किया था।



आईआईटी परियोजना की देखरेख करने वाले एसोसिएट प्रोफेसर कृष्ण प्रसाद मियापुरम का दावा है किया कि यह उपकरण वैश्विक स्तर पर उपलब्ध ऐसे अन्य उच्च तकनीकी उपकरणों से बेहतर है। उन्होंने कहा कि यह उपकरण केवल संकेत देता है और नैदानिक जांच पुष्टि करने के लिए आवश्यक है, लेकिन यह चिकित्सा बुनियादी ढांचे के मौजूदा बोझ को कम करने में मदद कर सकता है।

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