फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   WHO-UNICEF Report South Asia achieves record vaccination coverage India and Nepal lead progress

Report: दक्षिण एशिया में भारत-नेपाल टीकाकरण में अग्रणी, डब्ल्यूएचओ-यूनिसेफ ने जारी किए आंकड़े

Wed, 16 Jul 2025 03:40 AM IST
दीपक कुमार शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: दीपक कुमार शर्मा Updated Wed, 16 Jul 2025 03:40 AM IST
सार

2024 के आंकड़ों के अनुसार, भारत ने शून्य खुराक वाले बच्चों की संख्या 2023 में 16 लाख से घटाकर 2024 में 9 लाख कर दी है। जो लगभग 7 लाख की गिरावट है। डब्ल्यूएचओ के एक बयान में कहा गया है कि नेपाल में 52 फीसदी की कमी आई है, जो 23,000 से घटकर 11,000 हो गई है। 

विज्ञापन
WHO-UNICEF Report South Asia achieves record vaccination coverage India and Nepal lead progress
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Freepik.com

विस्तार

दक्षिण एशिया ने बच्चों के लिए अब तक का सर्वोच्च टीकाकरण कवरेज हासिल कर लिया है, जिसमें भारत और नेपाल में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनिसेफ ने इस संबंध में मंगलवार को नए आंकड़े जारी किए। आंकड़ों के अनुसार, भारत में केवल एक वर्ष में सभी टीकाकरण से छूटे बच्चों, जिन्हें शून्य खुराक वाले बच्चे भी कहा जाता है, की संख्या में 43 प्रतिशत की कमी आई है।

विज्ञापन


2024 के आंकड़ों के अनुसार, भारत ने शून्य खुराक वाले बच्चों की संख्या 2023 में 16 लाख से घटाकर 2024 में 9 लाख कर दी है। जो लगभग 7 लाख की गिरावट है। डब्ल्यूएचओ के एक बयान में कहा गया है कि नेपाल में 52 फीसदी की कमी आई है, जो 23,000 से घटकर 11,000 हो गई है। 
विज्ञापन


आज पहले से कहीं अधिक बच्चे सुरक्षित
दक्षिण एशिया के लिए यूनिसेफ के क्षेत्रीय निदेशक संजय विजेसेकेरा ने कहा, 'यह दक्षिण एशिया के लिए गर्व का क्षण है। आज पहले से कहीं अधिक बच्चे सुरक्षित हैं।' उन्होंने दूरदराज के क्षेत्रों में बचे हुए बच्चों तक पहुंचने की आवश्यकता पर भी बल दिया। उन्होंने कहा कि दक्षिण एशिया ने, एक क्षेत्र के रूप में, अब तक का अपना सर्वोच्च टीकाकरण कवरेज हासिल किया है। उन्होंने कहा कि 2024 में, 92 प्रतिशत शिशुओं को डीटीपी टीके की तीसरी खुराक मिल चुकी होगी, जो डिप्थीरिया, टेटनस और काली खांसी से बचाव करता है। यह 2023 की तुलना में 2 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है और कोविड-पूर्व स्तर को भी पार कर गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: Bombay HC: हाईकोर्ट ने पुराने कबूतरखानों को ढहाने पर लगाई रोक, दाना डालने को लेकर दिया ये आदेश

अफगानिस्तान में चिंता का विषय बना टीकाकरण
रिपोर्ट के मुताबिक, नेपाल में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ है, जहां शून्य खुराक वाले बच्चों की संख्या आधे से ज्यादा हो गई है। पाकिस्तान ने डीटीपी3 कवरेज को 87 प्रतिशत के साथ अब तक के सर्वोच्च स्तर पर पहुंचा दिया है। हालांकि, अफगानिस्तान अभी भी चिंता का विषय बना हुआ है क्योंकि इस क्षेत्र में कवरेज सबसे कम है और पिछले साल की तुलना में एक फीसदी की मामूली गिरावट आई है।


खसरे के मामलों में 39 प्रतिशत की गिरावट 
खसरे के कवरेज में भी सुधार हुआ। लगभग 93 प्रतिशत शिशुओं को पहली खुराक और 88 प्रतिशत को दूसरी खुराक मिली। 2024 में खसरे के दर्ज मामलों में 39 प्रतिशत की भारी गिरावट आई। इसके अलावा, गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर से बचाव करने वाले एचपीवी (ह्यूमन पेपिलोमावायरस) के टीकाकरण में भी प्रगति देखी गई। पिछले साल इस कार्यक्रम की शुरुआत के बाद से बांग्लादेश में 71 लाख से ज्यादा लड़कियों का टीकाकरण किया गया है, जबकि भूटान, मालदीव और श्रीलंका में भी वृद्धि दर्ज की गई है। भारत और पाकिस्तान द्वारा इस साल के अंत में अपने एचपीवी टीकाकरण अभियान शुरू करने की उम्मीद है।

ये भी पढ़ें: SC: 'अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के मामले में बाजार में कई मुफ्त सलाहकार मौजूद'; सुप्रीम कोर्ट की अहम टिप्पणी

सरकारों के मजबूत नेतृत्व की प्रशंसा की
डब्ल्यूएचओ और यूनिसेफ की रिपोर्ट में इस उपलब्धि के लिए सरकारों के मजबूत नेतृत्व, अग्रिम पंक्ति के स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम और डेटा और प्रौद्योगिकी के बेहतर उपयोग की प्रशंसा की गई। डब्ल्यूएचओ के दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र के कार्यक्रम प्रबंधन निदेशक डॉ. थकसाफोन थमरंगसी ने कहा, 'यह देखकर बहुत खुशी हो रही है कि विश्व स्वास्थ्य संगठन के दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र में टीकाकरण की दर अब तक की सबसे ज्यादा है, जो महामारी से पहले के रुझान को पार कर गई है। हमें इस गति को बनाए रखना होगा और हर बच्चे तक ये जीवनरक्षक टीके पहुंचाने के प्रयासों को तेज करना होगा। हम सब मिलकर ऐसा कर सकते हैं, और हमें ऐसा करना ही होगा।'

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed