पुलिस हिरासत में भाजपा कार्यकर्ता की मौत पर राज्यपाल धनखड़ की सीएम ममता को चिट्ठी
पश्चिम बंगाल में भाजपा कार्यकर्ता मदन घोराई की पुलिस हिरासत में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत को लेकर सियासत गरमा गई है। वहीं, अब राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने मदन की मौत को लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को चिट्ठी लिखी है। अपनी चिट्ठी में राज्यपाल ने कहा है कि राज्य में हो रही अराजकता को लेकर लोगों के बीच नाराजगी है।
राज्यपाल धनखड़ ने सीएम ममता को लिखा है कि पश्चिम बंगाल में फैली अराजकता पर राज्य और बाहर दोनों ही जगह नाराजगी है। आठ अक्तूबर को बलविंदर सिंह के साथ पुलिस की ज्यादती की घटना पहले से ही मानवाधिकारों के उल्लंघन के लिए पोस्टर बॉय बनी हुई है।
West Bengal Governor writes to the CM over custodial death of one Madan Ghorai.
The letter reads "There is outrage at such lawlessness in state & outside, & consequent to Oct 8 police excess Balwinder Singh is already poster boy for blatant human rights violations in the state" pic.twitter.com/mi17QMLknGविज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) October 18, 2020
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल के पूर्व मेदिनीपुर जिले में एक भाजपा कार्यकर्ता की पुलिस हिरासत में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत को लेकर सियासी पारा चढ़ा हुआ है। भाजपा ने पुलिस पर पीट-पीट कर हत्या करने का आरोप लगाते हुए इस मामले की सीबीआइ जांच की मांग की है।
मृतक मदन घोराई स्थानीय बूथ उपाध्यक्ष थे। भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव व बंगाल के प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय ने इसे पुलिस हिरासत में राजनीतिक हत्या करार देते हुए कहा कि ये सब ममता जी और तृणमूल की सह पर हुआ है।
इससे पहले, राज्य के हावड़ा में भाजपा कार्यकर्ताओं की पुलिस से झड़प के दौरान एक सिख की पिटाई और पगड़ी उतारने का मामला सामना आया। भाजपा ने इसे भटिंडा निवासी बलविंदर सिंह का अपमान बताया। पार्टी ने कहा कि पुलिस ने धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई है। वहीं मामला बढ़ता देख बंगाल पुलिस ने भी सफाई पेश करते हुए कहा कि उसकी ऐसी कोई मंशा नहीं थी। बंगाल पुलिस का कहना है कि बलविंदर से पिस्टल छीनने के दौरान पगड़ी अपने आप गिर गई।