चार साल की सजा काट तमिलनाडु लौटीं शशिकला, अन्नाद्रमुक ने कहा- हमसे कोई नाता नहीं
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अन्नाद्रमुक से निष्कासित नेता वी के शशिकला आय से अधिक संपत्ति मामले में चार साल की जेल की सजा काटने के कुछ दिन बाद सोमवार को तमिलनाडु लौटीं जहां उनका भव्य स्वागत किया गया।
इसके साथ ही यह संकेत भी मिले कि सत्तारूढ़ दल जिसका नियंत्रण कभी शशिकला के हाथ में था, उसके साथ उनका आमना-सामना हो सकता है। हालांकि अन्नाद्रमुक शशिकला से किनारा करती दिखी। अन्नाद्रमुक ने कहा कि शशिकला का पार्टी से कोई लेना देना नहीं है।
Tamil Nadu: AIADMK leader Sasikala reaches Kanchipuram and is welcomed by her party members pic.twitter.com/40NnGA1rub
— ANI (@ANI) February 8, 2021
वहीं इससे पहले तमिलनाडु की पूर्व मुख्यमंत्री दिवंगत जयललिता की करीबी सहयोगी शशिकला करीब 10 बजे कर्नाटक से सटे तमिलनाडु के जिले कृष्णागिरि के अथपल्ली पहुंची तो नाचते-गाते उनके समर्थकों ने काफिले पर पुष्पवर्षा कर स्वागत किया। इसके बाद उन्होंने बेंगलुरु से करीब 40 किमी दूर जिले के होसुर में देवी मरियम्मन मंदिर में पूजा-अर्चना की।
शशिकला के साथ मौजूद उनके भतीजे टीटीवी दिनाकरण ने कहा कि बाद में वह चेन्नई स्थित दिवंगत मुख्यमंत्री एवं अन्नाद्रमुक के संस्थापक एमजी रामचंद्रन के आवास पर जाएंगी। उन्होंने दावा किया कि अन्नाद्रमुक के कई पदाधिकारी शशिकला का स्वागत करने आए। उन्होंने यह भी दावा किया जिस वाहन में शशिकला सवार थीं वह भी सत्तारूढ़ दल के एक पदाधिकारी की ही है।
तमिलनाडु में शशिकला की वापसी इस लिहाज से महत्वपूर्ण कि अगले कुछ महीनों में यहां चुनाव होने हैं और उनके राजनीतिक प्रभाव पर नजरें टिकी हैं।
अन्नाद्रमुक ने कहा पार्टी का झंडा लगे वाहन का उपयोग गलत
अन्नाद्रमुक ने दोहराया कि शशिकला और जो उनके साथ हैं उनसे पार्टी का कोई लेना-देना नहीं है। अन्नाद्रमुक ने यह भी कहा कि पार्टी का झंडा लगे वाहन में उनका घूमना अवैध है और वह गत दो सप्ताह में दूसरी बार ऐसा करते दिखी हैं।
शशिकला की तमिलनाडु में वापसी के राजनीतिक प्रभाव को उत्सुकता से देखा जा रहा है क्योंकि यह ऐसे समय हुआ है जब राज्य में अगले कुछ महीनों में विधानसभा चुनाव होने हैं।
शशिकला ने 66.65 करोड़ रुपये के आय से अधिक संपत्ति मामले में फरवरी, 2017 से बंगलूरू के परपाना अग्रहारा केंद्रीय जेल में अपनी सजा काटी और 27 जनवरी को उन्हें रिहा किया गया।
हालांकि, वह उसके बाद सरकारी विक्टोरिया अस्पताल में रहीं, जहां उन्हें कोरोना से संक्रमित पाए जाने के बाद भर्ती कराया गया था। शशिकला को 31 जनवरी को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई थी जिसके बाद वह बेंगलुरु से लगभग 35 किलोमीटर दूर एक रिसॉर्ट में रुकी थीं।
सक्रिय राजनीति में आऊंगी: शशिकला
अन्नाद्रमुक से निष्कासित नेता वी के शशिकला ने सोमवार को कहा कि तमिलनाडु लौटने के बाद वह स्वयं को सक्रिय राजनीति में शामिल करेंगी। शशिकला आय से अधिक संपत्ति मामले में चार साल जेल की सजा काटने के कुछ दिन बाद तमिलनाडु लौटी हैं। शशिकला ने कर्नाटक की राजधानी के एक अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद अपनी पहली टिप्पणी में कहा था कि वह तमिलनाडु के लोगों की ऋणी हैं। उन्होंने हालांकि यह भी कहा था कि वह 'दमन' के आगे झुकेंगी नहीं।
उल्लेखनीय है कि कोविड-19 से संक्रमित पाये जाने के बाद शशिकला का उक्त अस्पताल में इलाज चल रहा था। यह पूछे जाने पर कि क्या वह चेन्नई में अन्नाद्रमुक मुख्यालय जाएंगी, उन्होंने कहा कि कृपया प्रतीक्षा करें और देखिए। जब संवाददाताओं ने पूछा कि क्या वह राज्य विधानसभा चुनाव से पहले सक्रिय राजनीति में शामिल होंगी, उन्होंने कहा कि निश्चित रूप से, पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए।
...जल्द विस्तार से बात करेंगे
वह बंगलूरू से चेन्नई जा रही थीं और कुछ ही समय में उन्होंने यहां समर्थकों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि मैं तमिल लोकाचार और उन सिद्धांतों से प्यार करती हूं, जिन पर मैंने विश्वास किया है। लेकिन मैं कभी भी उत्पीड़न के आगे नहीं झुकूंगी। इससे पहले, जब वह 66.6 करोड़ रुपये के आय से अधिक संपत्ति मामले में बंगलूरू में जेल की सजा काटने के कुछ दिनों बाद तमिलनाडु लौटीं तो उनका भव्य स्वागत किया गया।
अपनी कार पर अन्नाद्रमुक के झंडे के इस्तेमाल को लेकर तमिलनाडु में सत्तारूढ़ पार्टी के मंत्रियों द्वारा पुलिस में शिकायत दर्ज कराने के बारे में संवाददाताओं द्वारा पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि यह उनकी आशंका को दर्शाता है।
चेन्नई में दिवंगत मुख्यमंत्री जे जयललिता के स्मारक को रखरखाव के लिए बंद किए जाने के बारे में उन्होंने कहा कि तमिलनाडु के लोग अच्छी तरह जानते हैं कि इसका मतलब क्या है। समर्थकों की अन्नाद्रमुक का नियंत्रण हासिल करने की मांग के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि मैं जल्द ही आप सभी से मिलूंगी। उसके बाद विस्तार से बात करेंगे।