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श्रीलंका के राष्ट्रपति गोतबाया राजपक्षे के खिलाफ एमडीएमके ने जंतर-मंतर पर किया प्रदर्शन
Thu, 28 Nov 2019 02:27 PM IST
Sneha Baluni
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Sneha Baluni
Updated Thu, 28 Nov 2019 02:27 PM IST
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जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करते वाइको
- फोटो : ANI
एमडीएमके के नेता वाइको और उनकी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने श्रीलंका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति गोतबाया राजपक्षे के खिलाफ गुरुवार सुबह दिल्ली के जंतर मंतर पर प्रदर्शन किया। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया गया है और उन्हें संसद मार्ग पुलिस थाने ले जाया गया है।
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Delhi: MDMK leader Vaiko and workers of the party stage a protest at Jantar Mantar against the newly elected Sri Lankan President Gotabaya Rajapaksa. The Sri Lankan President is on a visit to India from November 28-30. pic.twitter.com/px9QVIbcvY
— ANI (@ANI) November 28, 2019विज्ञापन
श्रीलंका के राष्ट्रपति 28 नवंबर से 30 नवंबर तक तीन दिवसीय भारत यात्रा पर आने वाले हैं। वाइको ने अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं को दिल्ली गुरुवार को इकट्ठा होकर काले झंडे दिखाकर प्रदर्शन करने के लिए कहा था। उन्होंने भारत सरकार से श्रीलंका में तमिल आबादी के हितों की रक्षा करने को भी कहा है।
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एक बयान में वाइको ने कहा है कि श्रीलंका के नए राष्ट्रपति के रूप में गोतबया राजपक्षे के चुनाव से तमिलों के बीच युद्ध की आशंका जाग गई है। राष्ट्रपति राजपक्षे को रक्षा सचिव के तौर पर तमिल अलगाववादी युद्ध को समाप्त करने का श्रेय दिया जाता है।
वाइको ने अपने बयान में दावा किया गया है कि राष्ट्रपति गोतबाया ने देश के तमिल बहुल क्षेत्र उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में सैनिकों को सड़कों पर गश्त करने का आदेश दिया है। बयान में कहा गया है कि अलगाववादी युद्ध के अंतिम चरण के दौरान सैकड़ों तमिल मारे गए या लापता हो गए। उन्होंने कहा कि श्रीलंका के तमिलों के कल्याण को सुनिश्चित करना भारत सरकार की जिम्मेदारी है।