{"_id":"590800bb4f1c1bcc344422a3","slug":"us-experts-claims-pakistan-resorting-to-proxies-against-india-afghanistan","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":" यूएस ने कहा- भारत के खिलाफ तालिबान का इस्तेमाल कर रहा पाक ","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
यूएस ने कहा- भारत के खिलाफ तालिबान का इस्तेमाल कर रहा पाक
amarujala.com- Presented by: पवन नाहर
Updated Tue, 02 May 2017 09:41 AM IST
विज्ञापन
तालिबान
- फोटो : Afghanistan Times
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भारत और अफगानिस्तान के बढ़ते रिश्ते पाकिस्तान को नगवार गुजर रहे हैं। इस नजदीकी से खफा पाकिस्तान हक्कानी नेटवर्क और तालिबान जैसे प्रॉक्सी संगठन का इस्तेमाल दोनों पड़ोसियों के खिलाफ कर सकता है। अमेरिका के अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षा सेंटर के विशेषज्ञ सेथ जोन्स का मानना है कि अफगानिस्ताम मौजूदा समय में भारत का बड़ा सहयोगी बन कर उभर रहा है, जो पाक को नामंजूर है। भारत पाक के लिए विरोधी है और ऐसे में अफगानिस्तान भी उसका विरोधी बन जाता है।
पाकिस्तान ने प्राक्सी संगठनों का इस्तेमाल अपनी विदेश नीति में शामिल कर लिया है। यानी कश्मीर मु्द्दे और अफगानिस्तान में पाक इन दोनों संगठनों की मददद करने वाला है। पाकिस्तानी सरकार अपनी नीति पर कायम है क्योंकि वह हर चीज भारत से युद्ध के रूप में देखती है। पाकिस्तान उन संगठनों की मदद कर रहा है, जो उसपर भी हमला कर उसे खोखला करने पर आमादा हैं।
यह भी पढ़ें- भारतीय सेना को मिला 'फ्री हैंड', तबाह की दुश्मन की कई चौकियां
विज्ञापन
अंतरराष्ट्रीय रक्षा विशेषज्ञ बिल रोजियो ने कहा, "जब तक पाक सरकार और मिलिट्री इंटेलिजेंस एकजुट होकर इस मुद्दे पर विचार नहीं करेंगे, यह समस्या कई दशकों तक नहीं सुलझने वाली।" बता दें, कि अमेरिका ने पिछले कुछ सालों में 33 बिलियन डॉलर (2.11 लाख करोड़ रुपये) पाकिस्तान को सहायता के रूप में दिए हैं।
विज्ञापन
पाकिस्तान ने प्राक्सी संगठनों का इस्तेमाल अपनी विदेश नीति में शामिल कर लिया है। यानी कश्मीर मु्द्दे और अफगानिस्तान में पाक इन दोनों संगठनों की मददद करने वाला है। पाकिस्तानी सरकार अपनी नीति पर कायम है क्योंकि वह हर चीज भारत से युद्ध के रूप में देखती है। पाकिस्तान उन संगठनों की मदद कर रहा है, जो उसपर भी हमला कर उसे खोखला करने पर आमादा हैं।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें- भारतीय सेना को मिला 'फ्री हैंड', तबाह की दुश्मन की कई चौकियां
विज्ञापन
अंतरराष्ट्रीय रक्षा विशेषज्ञ बिल रोजियो ने कहा, "जब तक पाक सरकार और मिलिट्री इंटेलिजेंस एकजुट होकर इस मुद्दे पर विचार नहीं करेंगे, यह समस्या कई दशकों तक नहीं सुलझने वाली।" बता दें, कि अमेरिका ने पिछले कुछ सालों में 33 बिलियन डॉलर (2.11 लाख करोड़ रुपये) पाकिस्तान को सहायता के रूप में दिए हैं।
अमेरिका के खिलाफ उसी का पैसा हो रहा इस्तेमाल
हक्कानी नेटवर्क
- फोटो : Dawn
अमेरिकी रक्षा विशेषज्ञों ने माना का पाक प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप में हक्कानी नेटवर्क की थ्योरी का समर्थन करता है। इस नेटवर्क ने कई अमेरिकी नागरिकों को मौत के घाट उतारा है। उन्होंने माना का पाक को मिल रही आर्थिक मदद बंद होनी चाहिए क्योंकि अमेरिका का पैसा उसी के खिलाफ इस्तेमाल हो रहा है। गौरतलब है कि तालिबान की जड़े पाक में काफी मजबूत हैं क्योंकि अमेरिकी ड्रोन हमले में तालिबान का लीडर पाक में मारा गया।
जोन्स ने कहा कि पाक आतंकवाद को समर्थन करता है। अमेरिका का मोस्ट वॉन्टेड आतंकी ओसामा बिन लादेन भी पाकिस्तान में ही मिला। पाकिस्तान आतंकवाद की लड़ाई में उल्टी चाल चल रहा है। साफ तौर पर कहा जाए तो दुनिया ऐसे देश पर भरोसा कर रही है जो खुले रूप में खंजर लेकर घूम रहा है और कभी भी धोखे से वार कर सकता है।
यह भी पढ़ें- पाकिस्तान आतंकी देश, उसकी सेना जंगली: बलूच नेता
ISIS जनवरी से ही अफगानिस्तान में सक्रिय है और अब धीरे-धीरे पूर्व की ओर कदम बढ़ा रहा है। ऐसे में पाक को रोकना और भी जरूरी हो जाता है।
जोन्स ने कहा कि पाक आतंकवाद को समर्थन करता है। अमेरिका का मोस्ट वॉन्टेड आतंकी ओसामा बिन लादेन भी पाकिस्तान में ही मिला। पाकिस्तान आतंकवाद की लड़ाई में उल्टी चाल चल रहा है। साफ तौर पर कहा जाए तो दुनिया ऐसे देश पर भरोसा कर रही है जो खुले रूप में खंजर लेकर घूम रहा है और कभी भी धोखे से वार कर सकता है।
यह भी पढ़ें- पाकिस्तान आतंकी देश, उसकी सेना जंगली: बलूच नेता
ISIS जनवरी से ही अफगानिस्तान में सक्रिय है और अब धीरे-धीरे पूर्व की ओर कदम बढ़ा रहा है। ऐसे में पाक को रोकना और भी जरूरी हो जाता है।