{"_id":"5f7c7b948ebc3e9bcd43761e","slug":"union-health-ministry-releases-sops-for-festival-season-and-coronavirus","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Covid-19: त्योहारों के दौरान करना होगा इन नियमों का पालन, दिशा-निर्देश जारी","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Covid-19: त्योहारों के दौरान करना होगा इन नियमों का पालन, दिशा-निर्देश जारी
Tue, 06 Oct 2020 07:50 PM IST
गौरव पाण्डेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Tue, 06 Oct 2020 07:50 PM IST
विज्ञापन
फाइल फोटो
- फोटो : PTI
देश में आने वाले त्योहारी मौसम को देखते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने त्योहारों के दौरान कोविड-19 संक्रमण के प्रसार को रोकने के लिए सुरक्षा मानकों को लेकर मंगलवार को मानक संचालन प्रक्रियाएं (एसओपी) जारी की हैं। इसके अनुसार कंटेनमेंट जोन में कार्यक्रम आयोजित करने की इजाजत नहीं होगी।
विज्ञापन
मानक संचानल प्रक्रियाओं के अनुसार कंटेनमेंट जोन में रहने वाले लोगों को बाहर निकलने के स्थान पर घर के अंदर रहकर ही त्योहार मनाने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। मंत्रालय ने कहा कि त्योहार के दौरान संक्रमण फैलने की आशंका ज्यादा है ऐसे में सुरक्षा के नियमों का पालन करना बहुत जरूरी है।
विज्ञापन
Union Health Ministry issues SOPs on preventive measures to contain spread of #COVID19 during festivities.
विज्ञापन विज्ञापन
Festive events permitted only outside containment zones. People residing in containment zones may be encouraged to observe festivals inside their homes and not move out. pic.twitter.com/gLTT0zOl5A — ANI (@ANI) October 6, 2020
इन नियमों का करना होगा पालन
- दिशा-निर्देशों में कार्यक्रमों के लिए विस्तृत स्थान, सामाजिक दूरी सुनिश्चित करना और मूर्तियों व पवित्र ग्रंथों को स्पर्श नहीं करने जैसे उपाय शामिल हैं। एसओपी में कहा गया है कि जहां तक संभव हो रिकॉर्ड किए गए भक्ति संगीत या गाने बजाए जाएं और गायन समूहों को अनुमति न दी जाए।
- मंत्रालय ने कहा कि अक्तूबर से दिसंबर के बीच धार्मिक पूजा, मेलों, सांस्कृतिक कार्यक्रमों, जुलूसों आदि बड़े समारोह आयोजित होते हैं। ऐसे में यह जरूरी है कि इस तरह के आयोजनों के लिए आवश्यक निवारक उपायों का पालन किया जाए। ऐसे कार्यक्रम एक दिन या एक सप्ताह या उससे भी अधिक समय तक चलते हैं।
- एसओपी के अनुसार भौतिक दूरी के मानदंडों को ध्यान में रखते हुए कार्यक्रम स्थलों में सभी स्थानों पर उचित चिह्न होना चाहिए। साथ ही केवल उन कर्मचारियों और आगंतुकों को ही आने की अनुमति दी जाए जिनमें संक्रमण के लक्षण नहीं हैं। प्रवेश की अनुमति तभी दी जाएगी जब वे मास्क का उपयोग कर रहे हों।
- मानक संचालन प्रक्रियाओं के अनुसार कार्यक्रम की योजना इस प्रकार से बनाई जानी चाहिए कि भीड़ को नियंत्रित रखा जा सके और सामाजिक दूरी का पालन हो सके। रैलियों और विसर्जन जुलूसों में लोगों की संख्या निर्धारित सीमा से अधिक न हो और सामाजिक दूरी व मास्क पहनना सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
- एसओपी के अनुसार सक्षम अधिकारी स्थानीय आकलन के अनुसार अपने क्षेत्र में अतिरिक्त उपायों को लागू कर सकते हैं जो गृह मंत्रालय द्वारा दी गई अनुमति के अनुरूप हो। थर्मल स्क्रीनिंग पर भी जोर दिया गया है। निगरानी के लिए क्लोज-सर्किट कैमरे आदि का इस्तेमाल करने पर विचार किया जा सकता है।