फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Union Cabinet approves Rs 4797 crore for PRITHVI scheme

Prithvi Scheme: 'पृथ्वी योजना' के लिए 4797 करोड़ रुपये मंजूर, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने लगाई मुहर

Fri, 05 Jan 2024 03:54 PM IST
आदर्श शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: आदर्श शर्मा Updated Fri, 05 Jan 2024 03:54 PM IST
सार

सरकार ने शुक्रवार को 2021 से पांच साल की अवधि में 4,797 करोड़ रुपये की लागत से पृथ्वी विज्ञान पहल को मंजूरी दे दी हैं।

विज्ञापन
Union Cabinet approves Rs 4797 crore for PRITHVI scheme
पीएम मोदी (फाइल फोटो) - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने उप योजनाओं को क्लब करने के लिए पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी हैं। सरकार ने शुक्रवार को 2021 से पांच साल की अवधि में 4,797 करोड़ रुपये की लागत से पृथ्वी विज्ञान पहल को मंजूरी दे दी हैं। इस योजना में वायुमंडल और जलवायु अनुसंधान मॉडलिंग अवलोकन प्रणाली और सेवाएं, महासागर सेवाएं, मॉडलिंग अनुप्रयोग, संसाधन और प्रौद्योगिकी, ध्रुवीय विज्ञान और क्रायोस्फीयर अनुसंधान, भूकंप विज्ञा और विज्ञान का अध्ययन शामिल हैं। 
विज्ञापन


एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि पृथ्वी विज्ञान की व्यापक योजना कई एमओईएस संस्थानों में एकीकृत बहु विषयक पृथ्वी विज्ञान अनुसंधान और अभिनव कार्यक्रमों के विकास को सक्षम बनाएगी। ये एकीकृत अनुसंधान और विकास, मौसम और जलवायु, महासागर, क्रायोस्फीयर, भूकंपीय विज्ञान और सेवाओं की बड़ी चुनौतियों के समाधान करने और उनके टिकाऊ दोहन के लिए जीवित और गैर जीवित संसाधनों का पता लगाने में मदद करेंगे। 
विज्ञापन


पृथ्वी योजना के उद्देश्यों में पृथ्वी प्रणाली और परिवर्तन के महत्वपूर्ण संकेतों को रिकॉर्ड करने के लिए वायुमंडल, महासागर ,भूमंडल, क्रायोस्फीयर और ठोस पृथ्वी के दीर्घकालिक अवलोकनों को बढ़ाना और बनाए रखना। साथ ही, मौसम को समझने और भविष्यवाणी करने के लिए मॉडलिंग सिस्टम का विकास शामिल हैं। इसमें नई घटनाओं और संसाधनों की खोज के लिए पृथ्वी के ध्रुवीय और उच्च समुद्री क्षेत्रों की खोज, सामाजिक अनुप्रयोगों के लिए समुद्रीय संसाधनों की खोज और टिकाऊ दोहन के लिए प्रौद्योगिकी का विकास शामिल हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


भारत-मॉरीशस संयुक्त रूप से एक छोटा उपग्रह भेजेगा
भारत और मॉरीशस संयुक्त रूप से एक छोटा उपग्रह विकसित करेंगे। इस उपग्रह को अगले साल इसरो द्वारा लॉन्च किया जाएगा। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को इसकी जानकारी दी। 
भारत और मॉरीशस ने पिछले साल एक नवंबर को विदेश राज्य मंत्री वी मुरलीधरन की पोर्ट लुइस यात्रा के दौरान एक संयुक्त छोटे उपग्रह के विकास के लिए एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए थे। आधिकारिक बयान में कहा गया कि संयुक्त उपग्रह के लिए कुछ उपप्रणालियां भारतीय उद्योगों की भागीदारी के माध्यम से शुरू की जाएंगी और इससे उद्योग को लाभ होगा। इसमें कहा गया है कि उपग्रह कार्यान्वयन को 15 महीने की समय सीमा में पूरा करने का प्रस्ताव है।


रेलवे में कार्बन उत्सर्जन को रोकने के लिए कैबिनेट की मंजूरी
प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक के दौरान भारतीय रेलवे को 2030 तक शुद्ध शून्य कार्बन उत्सर्जन हासिल करने करने में मदद के लिए भारत और यूएसएआईडी के बीच हस्ताक्षरित एक समाझौता ज्ञापन को मंजूरी दे दी गई हैं। भारतीय रेलवे ने शुक्रवार को जारी एक प्रेस बयान में कहा कि एमओयू भारतीय रेलवे को रेलवे क्षेत्र में नवीनतम विकास और ज्ञान को साझा करने के लिए एक मंच प्रदान करता है। रेलवे के मुताबिक, एमओयू से डीजल और कोयले जैसे आयातित ईंधन पर निर्भरता कम करने में मदद मिलेगी। गौरतलब है कि भारतीय रेलवे के मुताबिक, रेलवे प्लेटफार्मों पर छत पर सौर प्रणाली की तैनाती के लिए यूएसएआईडी/भारत के साथ काम किया था। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed