Tawang Clash: पूर्वी कमान प्रमुख बोले- चीन ने एलएसी पार करने की कोशिश की थी, सेना ने दिया कड़ा जवाब
पूर्वी कमान के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल कलिता ने कहा, एक सैनिक के नाते हम हमेशा अपने देश की रक्षा के लिए तैयार हैं। शांति हो या संघर्ष, प्राथमिक कार्य बाहरी या आंतरिक खतरे के खिलाफ देश की क्षेत्रीय अखंडता को सुनिश्चित करना हमारा कर्तव्य है। हम सभी परिस्थितियों लिए तैयार हैं...
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अरुणाचल प्रदेश के तवांग सेक्टर में हाल में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर चीनी सैनिकों के साथ झड़प के बाद पहली बार पूर्वी कमांड के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल आरपी कलिता ने कहा, चीन की पीपल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) ने एलएसी पार करने की कोशिश की थी, लेकिन भारतीय सेना ने इसका मुंहतोड़ जवाब दिया। भारतीय सीमा में घुसने की कोशिश कर रहे चीनी सैनिकों को खदेड़ दिया। उन्होंने कहा, मैं देशवासियों को आश्वस्त करना चाहता हूं कि सेना किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार है। वे शुक्रवार को यहां 51वें विजय दिवस के मौके पर यहां पूर्वी कमान मुख्यालय फोर्ट विलियम में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
कलिता ने कहा, झड़प में दोनों तरफ के सैनिकों को चोटें आईं। आर्मी कमांडर के मुताबिक, इस घटना में चीनी सैनिकों को ज्यादा नुकसान पहुंचा, जबकि हमारे कुछ ही जवान मामूली रूप से घायल हुए। कलिता ने कहा, इस घटनाक्रम के बाद बुमला में दोनों सेनाओं के एरिया कमांडरों की फ्लैग मीटिंग हुई और स्थानीय स्तर पर इसका समाधान हुआ। सीमा पर अभी हालात सामान्य व नियंत्रण में हैं। सेना कड़ी निगरानी रख रही है। इस अवसर पर पूर्वी आर्मी कमांडर ने फोर्ट विलियम स्थित विजय स्मारक पर 1971 में पाकिस्तान के खिलाफ युद्ध में बलिदान होने वाले जांबाज़ योद्धाओं को श्रद्धांजलि अर्पित की।
लेफ्टिनेंट जनरल कलिता ने कहा, एक सैनिक के नाते हम हमेशा अपने देश की रक्षा के लिए तैयार हैं। शांति हो या संघर्ष, प्राथमिक कार्य बाहरी या आंतरिक खतरे के खिलाफ देश की क्षेत्रीय अखंडता को सुनिश्चित करना हमारा कर्तव्य है। हम सभी परिस्थितियों लिए तैयार हैं।
ले. जनरल कलिता ने कहा कि टकराव का स्थानीय स्तर पर समाधान हुआ। इसे लेकर बुमला में एक फ्लैग मीटिंग भी हुई। हम सभी परिस्थितियों और आकस्मिक हालात से निपटने के लिए तैयार हैं। पूर्वी सेना कमान प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल आरपी कलिता ने विजय दिवस के अवसर पर कोलकाता में विजय स्मारक पर श्रद्धांजलि देने के बाद यह बात कही।
On Tawang face-off,GOC-in-C,Eastern Command says,"In one of the areas with differing perception of LAC, PLA patrol transgressed, was contested very firmly which led to some physical violence but was contained...Border areas along Northern Frontier stable.We're firmly in control" pic.twitter.com/n5wtpxEUxJ— ANI (@ANI) December 16, 2022
कलिता बोले, डोकलाम में चीन द्वारा कोई नया निर्माण नहीं
लेफ्टिनेंट जनरल आर पी कलिता ने कहा कि तीन देशों के त्रि-जंक्शन पर भूटान की रणनीतिक घाटी डोकलाम में चीन द्वारा बुनियादी ढांचे के निर्माण पर कोई नई बात सामने नहीं आई है। उनका यह बयान चीनी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी द्वारा डोकलाम के पास तोरसा नाला में रोपवे के निर्माण की मीडिया रिपोर्टों की पृष्ठभूमि में आया है। पूर्वी कमान के जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ (जीओसी-इन-सी) लेफ्टिनेंट जनरल कलिता ने कहा कि जहां तक बुनियादी ढांचे के विकास के संबंध में डोकलाम का संबंध है, कोई नया विकास नहीं हुआ है।
2017 में डोकलाम गतिरोध तब हुआ जब पीएलए की एक लड़ाकू इंजीनियरिंग इकाई ने उच्च पठार में एक सड़क का निर्माण शुरू किया, जिससे भारतीय और चीनी सेनाओं के बीच 73 दिनों तक गतिरोध बना रहा। गुत्थी को बातचीत से सुलझा लिया गया था। डोकलाम क्षेत्र में दोनों पक्षों द्वारा एक प्रोटोकॉल का पालन किया जा रहा है जिसमें स्थानीय कमांडरों के बीच नियमित बातचीत होती है ताकि दोनों तरफ कोई नया निर्माण न हो।