लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला का टूट गया रिकार्ड, स्थगित की लोकसभा की कार्यवाही
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लोकसभा अध्यक्ष से मिलने गए सांसदों ने कहा कि पहले भी सदन में सांसद विरोध दर्ज कराने के लिए पोस्टर, पर्ची लहराते रहे हैं। इस पर लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि पहले जो भी हुआ हो, अब नहीं चलेगा, लेकिन विपक्ष नहीं माना। लिहाजा लोकसभा अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी।
12 बजे सदन की कार्यवाही शुरू होने के थोड़ी देर बाद ही इसे फिर से दो बजे तक के लिए स्थगित कर देना पड़ा। इस दौरान केरल के दो कांग्रेस सांसदों टीएन प्रथापन और हिबी एडेन को लोकसभा अध्यक्ष ने निलंबित भी कर दिया। इससे पहले लोकसभा अध्यक्ष ने दोनों सांसदों को बैनर नीचे करने की चेतावनी भी दी, लेकिन सांसद नहीं माने। तब लोकसभा अध्यक्ष ने सांसदों को सदन से बाहर करने का आदेश दे दिया।
दोनों सांसदों का निलंबन लोकसभा के मार्शलों के साथ धक्का-मुक्की के कारण हुआ। इसके बाद सदन की बैठक दोपहर दो बजे फिर बुलाई गई और तब आसन पर मीनाक्षी लेखी थीं। लेखी ने सदन की कार्यवाही को 26 नवंबर दो बजे तक के सिए स्थगित कर दिया और सभी सदस्यों को 26 नवंबर को 11 बजे सेंट्रल हाल में मिलने के लिए भी कहा।
टूट गया लोकसभा अध्यक्ष का रिकार्ड
केंद्र में नई सरकार के सत्ता संभालने के बाद ओम बिरला लोकसभा अध्यक्ष बने थे। संसद में लोकसभा अध्यक्ष का कार्यभार संभालने के बाद से बिरला ने सदन की कार्यवाही को अभी तक निर्बाध रूप से संचालित किया था। लोकसभा में तमाम राजनीतिक गतिरोध और विपक्ष के विरोध के बाद भी उन्होंने सदन की कार्यवाही को स्थगित नहीं किया था।
कई बार आसन से लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि सदस्य यह जान लें कि सदन की कार्यवाही स्थगित नहीं होगी। वह आसन से निर्देश देकर विपरीत स्थिति में भी सदन को चलाते रहे, लेकिन सोमवार 25 नवंबर को एक दिन में तीन बार लोकसभा की कार्यवाही को स्थगित करना पड़ा।