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Sika Khan Pak Visa: 74 साल बाद करतारपुर कॉरिडोर में मिले थे दो बिछड़े भाई, अब परिवार से मिलने पाकिस्तान जाएंगे सीका खान

Wed, 02 Feb 2022 12:35 AM IST
देव कश्यप न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: देव कश्यप Updated Wed, 02 Feb 2022 12:35 AM IST
सार

भारत में रहने वाले सिका खान उर्फ हबीब को पाकिस्तान जाने का वीजा मिल गया है। हाल ही में करतारपुर गुरुद्वारे में 74 साल बाद उनकी अपने भाई मुहम्मद सिद्दीक से मुलाकात हुई थी। सिद्दीक पाकिस्तान में रहते हैं।

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Sika Khan who met Pakistani brother at Kartarpur after 74 years gets visa to meet family lost during partition
करतारपुर कॉरिडोर ने 74 साल बाद दो बिछड़े भाइयों को मिलाया। - फोटो : वीडियो स्क्रीनग्रैब

विस्तार

भारत में रहने वाले हबीब खान उर्फ सिका खान हाल में 74 साल बाद वह करतारपुर साहिब कॉरिडोर में पाकिस्तान में रह रहे अपने बड़े भाई से मिले थे। अब उन्हें अपने रिश्तेदारों से मिलने के लिए पाकिस्तान जाने का वीजा मिल गया है। शुक्रवार को सिका खान को वीजा मिला। दोनों भाई भारत-पाकिस्तान बंटवारे में एक-दूसरे से अलग हो गए थे। खान के पाकिस्तान में रह रहे भाई का नाम मुहम्मद सिद्दीक है। सिका खान पंजाब में बठिंडा जिले के फुलेवाला गांव के रहने वाले हैं।

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पाकिस्तान सरकार ने भारत में रहते सीका खान को पाकिस्तान का वीजा दे दिया है। पाकिस्तान हाई कमिशन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार सीका खान को पाकिस्तान में रहते अपने भाई मुहम्मद सदीक व अन्य पारिवारिक सदस्यों से मिलने के लिए वीजा दे दिया गया है। यह दोनों भाई 1947 के विभाजन के समय अलग हो गए थे। सीका खान ने पाकिस्तान सरकार से वीजा के लिए गुहार लगाई थी। इसके बाद उनको पाकिस्तान द्वारा वीजा दे दिया गया।
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बठिंडा जिले के गांव फूलेवाला के रहने वाले सीका खान ने बताया कि उनका गांव जगराओं के पास कोठे था। देश के दो टुकड़े होने के दौरान वह उस समय दो साल का था और अपनी मां के साथ अपने ननिहाल गांव फूलेवाला में आया हुआ था। बंटवारे के दौरान शुरू हुए खून खराबे के बीच उसका भाई मुहम्मद सदीक और बहन पिता के साथ पाकिस्तान रवाना हो गए और वह अपनी मां के साथ यहीं रह गया। यहां गांव के लोगों ने दोनों को छिपाकर उनकी जान बचाई थी। उन्होंने बताया कि पाकिस्तान जाते समय उनकी बहन की मौत हो गई जबकि पिता और उनका भाई किसी तरह पाकिस्तान पहुंच गए।
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80 साल के मुहम्मद सिद्दीक पाकिस्तान के फैसलाबाद शहर में रहते हैं। वो बंटवारे के वक्त अपने परिवार से अलग हो गए थे। करतारपुर कॉरिडोर में इतने लंबे अरसे बाद एक दूसरे को देख दोनों की आंखें भर आई थीं। वो भावुक होकर गले मिले थे। इसी मुलाकात में ही सिका खान को यह भी पता चला था कि जन्म के समय उनका नाम हबीब खान रखा गया था।

बता दें कि सोशल मीडिया पर इन दोनों भाइयों के मुलाकात का वीडियो भी खूब शेयर हुआ था। इसमें दोनों अपने-अपने रिश्तेदारों के साथ करतारपुर कॉरिडोर में दिखाई दे रहे थे। मुलाकात के दौरान दोनों भाई एक दूसरे को भावुक होकर गले लगाते नजर आए थे। इस वीडियो में परिवार के अलावा गुरुद्वारा प्रबंधन के अधिकारी भी नजर आ रहे थे।

 


 
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