{"_id":"692b1e4384f815453a0659f7","slug":"shiv-sena-ubt-priyanka-chaturvedi-says-india-identity-lies-in-diversity-making-religion-political-issue-wrong-2025-11-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Priyanka Chaturvedi: 'भारत की पहचान विविधता में है', प्रियंका बोलीं- धर्म को राजनीति का मुद्दा बनाना गलत","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Priyanka Chaturvedi: 'भारत की पहचान विविधता में है', प्रियंका बोलीं- धर्म को राजनीति का मुद्दा बनाना गलत
Sat, 29 Nov 2025 09:54 PM IST
हिमांशु चंदेल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: हिमांशु चंदेल
Updated Sat, 29 Nov 2025 09:54 PM IST
सार
Priyanka Chaturvedi Statement: प्रियंका चतुर्वेदी ने मोहन भागवत के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भारत की पहचान विविधता और सह-अस्तित्व में है, इसलिए धर्म को राजनीति का हिस्सा बनाना गलत है। उन्होंने ध्रुवीकरण को राजनीतिक लाभ का साधन बताया।
विज्ञापन
शिवसेना (यूबीटी) सांसद प्रियंका चतुर्वेदी
- फोटो : ANI
विस्तार
आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के ताजा बयान और दिल्ली में गंभीर होते प्रदूषण पर शिवसेना (यूबीटी) की सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने तीखा रुख अपनाया है। उन्होंने कहा कि भारत की पहचान विविधता, सह-अस्तित्व और वैश्विक मानवीय मूल्यों से बनी है, इसलिए धर्म को राजनीति का मुद्दा बनाना गलत है। वहीं, दिल्ली प्रदूषण पर उन्होंने भाजपा और दिल्ली सरकार दोनों को आड़े हाथों लिया और कहा कि जिम्मेदारी के बजाय हवा में तीर चलाए जा रहे हैं।
प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि भारत वह भूमि है जिसने चार धर्मों को जन्म दिया और कई शरणार्थियों को शरण दी है। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ हमारा देश नहीं, हमारी सभ्यता भी वैश्विक विचारधारा की प्रतिनिधि है। सांसद ने स्पष्ट किया कि किसी भी धार्मिक मुद्दे पर राजनीतिक टिप्पणी करना गलत है और इससे समाज में विभाजन की राजनीति को बढ़ावा मिलता है। उन्होंने कहा कि ‘वसुधैव कुटुंबकम’ हमारे मूल्यों का केंद्र है और इसके खिलाफ ध्रुवीकरण की राजनीति साफ तौर पर राजनीतिक लाभ के लिए की जा रही है।
विज्ञापन
ध्रुवीकरण पर सीधा हमला
चतुर्वेदी ने कहा कि जहां-जहां ध्रुवीकरण का काम हो रहा है, वहां यह साफ दिखाई दे रहा है कि इससे किसे राजनीतिक फायदा मिलता है। उन्होंने बिना किसी का नाम लिए भाजपा पर निशाना साधा और कहा कि धार्मिक बहस छेड़ने का मकसद जनता का ध्यान असली मुद्दों से हटाना है। उन्होंने जोड़ दिया कि भारत की सांस्कृतिक पहचान किसी एक धर्म की धरोहर नहीं, बल्कि सभी की साझा विरासत है।
ये भी पढ़ें- ओडिशा में माओवाद पर बीएसएफ के आईजी सख्त, कहा- मार्च 2026 तक पूरे नेटवर्क को करेंगे खत्म
दिल्ली में प्रदूषण...कौन जिम्मेदार?
दिल्ली में लगातार बिगड़ती हवा की गुणवत्ता पर प्रियंका चतुर्वेदी ने भाजपा और आप सरकार दोनों पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि भाजपा को शर्म आनी चाहिए कि जिस मुद्दे पर उन्होंने वोट मांगे, आज वे ‘व्हाटअबाउटरी’ में उलझे हैं और गरम हवा के गुब्बारे उड़ा रहे हैं। उन्होंने उपराज्यपाल पर आरोप लगाया कि वह भाजपा सरकार की जवाबदेही तय करने में असफल रहे हैं, जबकि दिल्ली की आबोहवा हर साल संकट में जाती है।
दिल्ली सरकार की कार्यशैली पर सवाल
सांसद चतुर्वेदी ने दिल्ली सरकार को भी कठघरे में खड़ा किया और कहा कि दिल्ली सरकार प्रदूषण के मुद्दे को नजरअंदाज कर रही है। मुख्यमंत्री न तो इस पर कोई गंभीर चर्चा कर रहे हैं और न ही ऐसे कदम उठाए जा रहे हैं जो प्रदूषण को कम कर सकें। उन्होंने कहा कि दिल्ली के लोग जहरीली हवा में सांस ले रहे हैं, लेकिन प्रशासनिक मशीनरी चुनावी रणनीतियों में व्यस्त है।
जनता को गुमराह करने का आरोप
प्रियंका चतुर्वेदी ने दावा किया कि दिल्ली की हवा खराब होने पर भाजपा और आप एक-दूसरे पर आरोप लगाकर अपनी जिम्मेदारी से बच रही हैं। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा दिल्लीवासियों के स्वास्थ्य का है, लेकिन राजनीतिक दल इसे अपने-अपने नैरेटिव के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर दोनों सरकारें ईमानदारी से साथ काम करें तो दिल्ली की हवा सुधर सकती है, लेकिन मौजूदा हालात में राजनीतिक लाभ ही प्राथमिकता बना हुआ है। उनके बयान संसद के शीतकालीन सत्र से पहले राजनीतिक तापमान बढ़ाने वाले माने जा रहे हैं।
अन्य वीडियो-
विज्ञापन
प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि भारत वह भूमि है जिसने चार धर्मों को जन्म दिया और कई शरणार्थियों को शरण दी है। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ हमारा देश नहीं, हमारी सभ्यता भी वैश्विक विचारधारा की प्रतिनिधि है। सांसद ने स्पष्ट किया कि किसी भी धार्मिक मुद्दे पर राजनीतिक टिप्पणी करना गलत है और इससे समाज में विभाजन की राजनीति को बढ़ावा मिलता है। उन्होंने कहा कि ‘वसुधैव कुटुंबकम’ हमारे मूल्यों का केंद्र है और इसके खिलाफ ध्रुवीकरण की राजनीति साफ तौर पर राजनीतिक लाभ के लिए की जा रही है।
विज्ञापन
#WATCH | Delhi | On the statement of RSS Chief Mohan Bhagwat, Shiv Sena (UBT) MP Priyanka Chaturvedi says, "Our country is one that has given birth to four such religions in history. Our country has given shelter to others by making them refugees. So this religion of ours, this… pic.twitter.com/YyoQovudeJ
— ANI (@ANI) November 29, 2025
विज्ञापन
ध्रुवीकरण पर सीधा हमला
चतुर्वेदी ने कहा कि जहां-जहां ध्रुवीकरण का काम हो रहा है, वहां यह साफ दिखाई दे रहा है कि इससे किसे राजनीतिक फायदा मिलता है। उन्होंने बिना किसी का नाम लिए भाजपा पर निशाना साधा और कहा कि धार्मिक बहस छेड़ने का मकसद जनता का ध्यान असली मुद्दों से हटाना है। उन्होंने जोड़ दिया कि भारत की सांस्कृतिक पहचान किसी एक धर्म की धरोहर नहीं, बल्कि सभी की साझा विरासत है।
ये भी पढ़ें- ओडिशा में माओवाद पर बीएसएफ के आईजी सख्त, कहा- मार्च 2026 तक पूरे नेटवर्क को करेंगे खत्म
दिल्ली में प्रदूषण...कौन जिम्मेदार?
दिल्ली में लगातार बिगड़ती हवा की गुणवत्ता पर प्रियंका चतुर्वेदी ने भाजपा और आप सरकार दोनों पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि भाजपा को शर्म आनी चाहिए कि जिस मुद्दे पर उन्होंने वोट मांगे, आज वे ‘व्हाटअबाउटरी’ में उलझे हैं और गरम हवा के गुब्बारे उड़ा रहे हैं। उन्होंने उपराज्यपाल पर आरोप लगाया कि वह भाजपा सरकार की जवाबदेही तय करने में असफल रहे हैं, जबकि दिल्ली की आबोहवा हर साल संकट में जाती है।
दिल्ली सरकार की कार्यशैली पर सवाल
सांसद चतुर्वेदी ने दिल्ली सरकार को भी कठघरे में खड़ा किया और कहा कि दिल्ली सरकार प्रदूषण के मुद्दे को नजरअंदाज कर रही है। मुख्यमंत्री न तो इस पर कोई गंभीर चर्चा कर रहे हैं और न ही ऐसे कदम उठाए जा रहे हैं जो प्रदूषण को कम कर सकें। उन्होंने कहा कि दिल्ली के लोग जहरीली हवा में सांस ले रहे हैं, लेकिन प्रशासनिक मशीनरी चुनावी रणनीतियों में व्यस्त है।
जनता को गुमराह करने का आरोप
प्रियंका चतुर्वेदी ने दावा किया कि दिल्ली की हवा खराब होने पर भाजपा और आप एक-दूसरे पर आरोप लगाकर अपनी जिम्मेदारी से बच रही हैं। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा दिल्लीवासियों के स्वास्थ्य का है, लेकिन राजनीतिक दल इसे अपने-अपने नैरेटिव के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर दोनों सरकारें ईमानदारी से साथ काम करें तो दिल्ली की हवा सुधर सकती है, लेकिन मौजूदा हालात में राजनीतिक लाभ ही प्राथमिकता बना हुआ है। उनके बयान संसद के शीतकालीन सत्र से पहले राजनीतिक तापमान बढ़ाने वाले माने जा रहे हैं।
अन्य वीडियो-
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन