{"_id":"5e3ee5e28ebc3ee609014e92","slug":"sambit-patra-said-bjp-may-suffer-loss-due-to-not-announcing-cm-candidate-in-delhi-elections","type":"story","status":"publish","title_hn":"भाजपा ने माना, सीएम उम्मीदवार की घोषणा नहीं करने से पार्टी को हो सकता है नुकसान","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
भाजपा ने माना, सीएम उम्मीदवार की घोषणा नहीं करने से पार्टी को हो सकता है नुकसान
Sat, 08 Feb 2020 10:16 PM IST
आसिम खान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: आसिम खान
Updated Sat, 08 Feb 2020 10:16 PM IST
विज्ञापन
दिल्ली विधानसभा चुनाव 2020
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दिल्ली विधानसभा चुनाव के एग्जिट पोल आ चुके हैं। सभी चैनल और एजेंसियों के एग्जिट पोल में आम आदमी पार्टी को बहुमत मिलती दिख रही है। दिल्ली में भाजपा ने मुख्यमंत्री पद के लिए किसी भी उम्मीदवार के नाम की घोषणा नहीं की थी। अब भाजपा ने भी माना है कि नाम की घोषणा नहीं करना पार्टी के लिए घाटे का सौदा साबित हो सकता है।
विज्ञापन
भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने एक टीवी चैनल से बात करते हुए कहा कि दिल्ली में मुख्यमंत्री का चेहरा नहीं उतारने से पार्टी को नुकसान हो सकता है। उन्होंने कहा, ऐसा नहीं है कि हमारे पास दिल्ली में चेहरों की कमी है। लेकिन हमने एक फैसला किया। अगर ये कारण हुआ होगा तो इसकी समीक्षा करेंगे।
विज्ञापन
वहीं, पात्रा ने यह भी कहा कि दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सबसे लोकप्रिय हैं। लोकसभा चुनाव में हमारा 56 फीसदी वोट था। मोदी जी की लोकप्रियता बरकरार है। वोट शेयर शिफ्ट नहीं हुआ है। कांग्रेस का मत प्रतिशत लगातार घट रहा है। इस बार तो वो छह फीसदी पर ही सिमट रही है।
विज्ञापन
पात्रा ने आगे कहा कि पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को 20 फीसदी से ज्यादा वोट मिले थे। साफ है कि कांग्रेस के वोट आप में शिफ्ट हो गए। संबित ने कहा कि अगर लोकल मुद्दों को प्रमुखता नहीं देने से नुकसान हुआ होगा तो इन सब बातों की समीक्षा की जाएगी। पात्रा ने कहा, भाजपा ने दिल्ली चुनाव पीएम मोदी के चेहरे पर ही लड़ने का फैसला किया था।
बता दें कि दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए मतदान खत्म होने के साथ ही सामने आए एग्जिट पोल में अरविंद केजरीवाल फिर से मुख्यमंत्री बनते दिख रहे हैं। तमाम एग्जिट पोल में आम आदमी पार्टी को स्पष्ट बहुमत मिलने की बात कही है। हालांकि पिछली बार की तुलना में उसकी सीटों में जरूर कमी हो सकती है।
वर्ष 2015 के विधानसभा चुनावों में 'आप' ने जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए 70 में से 67 सीटों पर कब्जा किया था। मगर इस बार उसे 44 से 57 सीटें मिल सकती हैं। हालांकि बहुमत के लिए 36 सीटों की ही जरूरत है।