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साइकिल-सपा मिलने के बाद SC गए रामगोपाल, कहा- हमारा पक्ष सुने बिना न दें कोई फैसला

Tue, 17 Jan 2017 09:58 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली Updated Tue, 17 Jan 2017 09:58 PM IST
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Ram Gopal files Caveat in Supreme court
रामगोपाल यादव - फोटो : self

साइकिल चुनाव चिन्ह और समाजवादी पार्टी मिलने के बाद अखिलेश गुट की ओर से राम गोपाल यादव ने सुप्रीम कोर्ट में कैविएट (याचिका) दाखिल किया है। रामगोपाल ने अपील की है कि कोर्ट बिना अखिलेश गुट का पक्ष सुने कोई भी फैसला न सुनाए।  गौरतलब है कि चुनाव आयोग ने सोमवार को साइकिल निशान और पार्टी का नाम अखिलेश के हवाले कर दिया।

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पार्टी के संस्‍थापक मुलायम ‌सिंह यादव को तगड़ा झटका देते हुए चुनाव आयोग ने अपने आदेश में माना कि संगठन के सदस्यों, सांसदों, विधायकों का संख्या बल अखिलेश के साथ है। वहीं, मुलायम ने इस संबंध में हलफनामा भी नहीं भेजा था।
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अखिलेश के हलफनामे को ईसी ने माना सही

Ram Gopal files Caveat in Supreme court
अखिलेश यादव - फोटो : self

आयोग ने अपने आदेश में अखिलेश खेमे की ओर से दिए गए हलफनामों को सही माना। आयोग ने मुलायम खेमे की इस दलील को भी खारिज कर दिया कि सपा में कोई फूट नहीं हुई है।

आयोग ने दो टूक कहा कि यह फैसला एक जनवरी को सपा के बुलाए गए राष्ट्रीय अधिवेशन की संवैधानिकता को ध्यान में रखकर नहीं, बल्कि अखिलेश गुट के पास विधायकों, सांसदों और संगठन के सदस्यों के संख्या बल के आधार पर है।

अखिलेश के पास 228 में से 205 विधायकों, 68 में से 56 एमएलसी, 24 में से 15 सांसदों का समर्थन है। 46 राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्यों में से 28 का समर्थन भी उन्हें ही है। वहीं पार्टी के 5,731 डेलिगेट्स में से 4,716 उनके साथ हैं।

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