फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Railways limps back to normalcy with less than 300 trains cancelled on Tuesday

Agnipath Scheme: अग्निपथ योजना पर सेना की लगातार प्रेस कॉन्फ्रेंस से ठंडे पड़े प्रदर्शन, रेलवे ने मंगलवार को रद्द कीं 300 से कम ट्रेनें

Tue, 21 Jun 2022 11:23 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: निर्मल कांत Updated Tue, 21 Jun 2022 11:23 PM IST
सार

अग्निपथ योजना के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे आंदोलनकारियों ने कई ट्रेन के डिब्बों को आग के हवाले कर दिया था और रेलवे की संपत्ति को नुकसान भी पहुंचाया। इसके चलते करीब चार सौ ट्रेनों को रद्द कर दिया गया था। 

 

विज्ञापन
Railways limps back to normalcy with less than 300 trains cancelled on Tuesday
अग्निपथ का विरोध - फोटो : Social media

विस्तार

अग्निपथ योजना की घोषणा के बाद हिंसक विरोध के बाद मंगलवार को तीन सौ से कम ट्रेनों को रद्द करने के बाद रेलवे संचालन सामान्य स्थिति में वापस आ गया। 
विज्ञापन


बता दें कि इस योजना के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे आंदोलनकारियों ने कई ट्रेन के डिब्बों को आग के हवाले कर दिया था और रेलवे की संपत्ति को नुकसान भी पहुंचाया। इसके चलते करीब चार सौ ट्रेनों को रद्द कर दिया गया था। 

मंगलवार को रेलवे ने 270 ट्रेनों को रद्द कर दिया था जिनमें 103 मेल/एक्सप्रेस ट्रेनें और 167 यात्री ट्रेनें शामिल थीं। रेलवे ने तीन मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों को भी आंशिक रूप से रद्द कर दिया था। 
विज्ञापन


रेलवे ने सोमवार को कहा था कि उसने आंदोलन के कारण छह सौ से ज्यादा ट्रेनों को रद्द कर दिया है। इसने रविवार को 483 ट्रेनें और एक दिन पहले 369 ट्रेनें रद्द कीं।
विज्ञापन
विज्ञापन


योजना की घोषणा के बाद देश के कई हिस्सों में हिंसक विरोध प्रदर्शन देखा गया था। सेना के लिए इस भर्ती योजना के तहत 17 से 21 वर्ष आयु वर्ग के युवाओं की भर्ती करने का प्रावधान है। हालांकि उग्र प्रदर्शन के बीच सरकार ने ये आयु सीमा बढ़ाकर 23 कर दी है। ये भर्ती सेना में चार साल की अल्पावधि के लिए है। चार साल के बाद 75 फीसदी अग्निवीरों को सेना से रिटायर्ड कर दिया जाएगा। वहीं 25 फीसदी की नियमति सैनिक के रूप में बहाली रहेगी। 

इस बीच रक्षा मंत्रालय के सैन्य मामलों के विभाग के अतिरिक्त सचिव लेफ्टिनेंट जनरल अनिल पुरी ने एक मीडिया ब्रीफिंग में कहा कि अग्निपथ योजना से सैनिकों की भर्ती की मौजूदा प्रणाली में कोई बदलाव नहीं होगा और यह उनकी युद्धक क्षमताओं और परिचालन तत्परता को बिल्कुल भी प्रभावित नहीं करेगा। 


सबसे बुरी तरह प्रभावित क्षेत्र पूर्व मध्य रेलवे के प्रवक्ता के एक बयान में कहा गया है कि अकेले इस क्षेत्र में 60 से अधिक कोच और 10 इंजन क्षतिग्रस्त हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed