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साख बढ़ाने को पीएमओ ने लिया फसल बीमा योजना का जायजा
ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Tue, 04 Dec 2018 05:05 AM IST
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प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने सोमवार को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (पीएमएफबीवाई) को प्रभावी बनाने के लिए इसका जायजा लिया। इस दौरान कृषि मंत्रालय के सचिव संजय अग्रवाल ने योजना को प्रभावी तरीके से लागू करने के साथ इससे जुड़े मौजूदा वित्त वर्ष के नए आंकड़े भी पेश किए।
इसमें सुधार से हुए फायदे और किसानों की संख्या में बढ़ोतरी भी शामिल थी। पिछले वित्त वर्ष के नतीजों से नाखुश पीएमओ की इस योजना पर लगातार नजर है। हालांकि, सरकार द्वारा इस योजना में किए गए बदलावों का सकारात्मक प्रभाव फिलहाल आंकड़ों में स्पष्ट नहीं है।
पीएमओ ने कृषि मंत्रालय, नीति आयोग और राज्यों को चर्चा कर ज्यादा से ज्यादा किसानों को इस योजना के तहत लाभ मुहैया कराने को कहा है। उधर, जायजा लेने के बाद पीएमओ के वरिष्ठ अधिकारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इस पर रिपोर्ट देंगे। इसके बाद कृषि मंत्रालय पीएमएफबीवाई से जुड़े नए आंकड़े जारी कर सकता है।
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सूत्रों के मुताबिक, सरकार आगामी लोकसभा चुनाव के मद्देनजर इस योजना के जरिए किसानों के बीच अपनी साख कायम करना चाहती है, जो पिछले साल गिरती नजर आई थी। इसी के मद्देनजर पीएमओ ने कृषि मंत्रालय को नीति आयोग के साथ मिलकर राज्यों से योजना के फायदों के बारे में देशभर के किसानों को जागरूक करने को कहा है।
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इसमें सुधार से हुए फायदे और किसानों की संख्या में बढ़ोतरी भी शामिल थी। पिछले वित्त वर्ष के नतीजों से नाखुश पीएमओ की इस योजना पर लगातार नजर है। हालांकि, सरकार द्वारा इस योजना में किए गए बदलावों का सकारात्मक प्रभाव फिलहाल आंकड़ों में स्पष्ट नहीं है।
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पीएमओ ने कृषि मंत्रालय, नीति आयोग और राज्यों को चर्चा कर ज्यादा से ज्यादा किसानों को इस योजना के तहत लाभ मुहैया कराने को कहा है। उधर, जायजा लेने के बाद पीएमओ के वरिष्ठ अधिकारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इस पर रिपोर्ट देंगे। इसके बाद कृषि मंत्रालय पीएमएफबीवाई से जुड़े नए आंकड़े जारी कर सकता है।
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सूत्रों के मुताबिक, सरकार आगामी लोकसभा चुनाव के मद्देनजर इस योजना के जरिए किसानों के बीच अपनी साख कायम करना चाहती है, जो पिछले साल गिरती नजर आई थी। इसी के मद्देनजर पीएमओ ने कृषि मंत्रालय को नीति आयोग के साथ मिलकर राज्यों से योजना के फायदों के बारे में देशभर के किसानों को जागरूक करने को कहा है।