भारत-लग्जमबर्ग सम्मेलन: मोदी बोले, दोनों देशों के लिए बेहतर साबित हो सकती है हमारी भागीदारी
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को भारत-लग्जमबर्ग वर्चुअल सम्मेलन में भाग लिया। सम्मेलन में पीएम मोदी के साथ लग्जमबर्ग के प्रधानमंत्री जेवियर बेटल मौजूद थे। वार्ता के दौरान दोनों नेताओं ने आपसी संबंधों की बेहतरी पर जोर दिया। इस दौरान पीएम मोदी ने बेटल को भारत आने के लिए भी निमंत्रित किया।
पीएम मोदी ने बेटल से कहा, 'आप और मैं विभिन्न अंतरराष्ट्रीय मंचों पर मिलते रहे हैं लेकिन पिछले दो दशकों में भारत और लग्जमबर्ग के बीच यह पहली औपचारिक बैठक है। आज जब दुनिया कोरोना की चुनौती से जूझ रहा है, भारत-लग्जमबर्ग भागीदारी दोनों देशों के साथ दोनों क्षेत्रों के लिए बेहतर साबित हो सकती है।
वहीं, लग्जमबर्ग के प्रधानमंत्री बेटल ने कहा, 'मैं अंतरिक्ष और वित्त के क्षेत्र में समझौतों का स्वागत करता हूं। हम जानते हैं कि जब हम मिलकर काम करते हैं तब मजबूत होते हैं। आप हम पर भरोसा कर सकते हैं। हमने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के 2021-22 के सत्र के लिए भारत के चयन का समर्थन और स्वागत किया था।'
I welcome the agreements in the area of space and finance. We know that we are stronger when we work together. You can count on us. We have supported and welcomed India's election to UNSC for the term 2021-22: Prime Minister of Luxembourg Xavier Bettel https://t.co/pUxwDRsGyO pic.twitter.com/bbMTd5L76S
— ANI (@ANI) November 19, 2020
सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसरो द्वारा लग्जमबर्ग के चार उपग्रहों की सफल लॉन्चिंग का जिक्र करते हुए कहा, 'मैं खुश हूं कि हमारी अंतरिक्ष एजेंसी ने हाल ही में लग्जमबर्ग के चार उपग्रह प्रक्षेपित किए थे। हम लग्जमबर्ग के अंतर्राष्ट्रीय सौर गठबंधन से जुड़ने के फैसले का स्वागत करते हैं।'
उल्लेखनीय है कि भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने सात नवंबर को पृथ्वी अवलोकन उपग्रह ईओएस-01 ( Earth Observation Satellite EOS-01 ) की सफल लॉन्चिंग की थी। इस लॉन्चिंग में इसरो ने नौ विदेशी कस्टमर सैटेलाइट को भी लॉन्च किया था, जिसमें चार सैटेलाइट लग्जमबर्ग की थीं।
बैठक में इन मुद्दों पर हुई चर्चा- पश्चिमी यूरोप के संयुक्त सचिव संदीप चक्रवर्ती
पश्चिमी यूरोप के संयुक्त सचिव संदीप चक्रवर्ती ने कहा कि यह दोनों नेताओं के बीच पहली बार वर्चुअल शिखर सम्मेलन था। भारत और लग्जमबर्ग के प्रधानमंत्री के बीच इस तरह की आखिरी औपचारिक बातचीत लगभग 20 साल पहले हुई थी। यह बैठक हमारे द्विपक्षीय संबंध के जुड़ाव पर केंद्रित थी। बैठक में वित्तीय क्षेत्र, फिनटेक, ग्रीन फाइनेंसिंग और स्पेस एप्लिकेशन पर ध्यान केंद्रित किया गया। दोनों देशों के बीच व्यापारिक संबंधों को गहरा करने पर भी चर्चा हुई।
संदीप चक्रवर्ती ने कहा कि हम इसरो और लग्जमबर्ग अंतरिक्ष संगठन के बीच एक समझौते पर विचार कर रहे हैं। वहीं, उन्होंने आगे कहा कि आज भारत-यूरोपीय संघ के व्यापार पर उप-आयोग की बैठक हुई है। यह तंत्र भारत-यूरोपीय संघ व्यापार और निवेश समझौते पर वार्ता शुरू करने का काम करेगा।
भारत और यूरोपीय संघ के बीच 12वीं आतंकवाद-रोधी वार्ता
विदेश मंत्रालय ने आगे कहा कि भारत और यूरोपीय संघ के बीच 12वीं आतंकवाद-रोधी वार्ता आज आयोजित की गई। भारत और यूरोपीय संघ ने अपने सभी रूपों और अभिव्यक्तियों में आतंकवाद की कड़ी निंदा की, जिसमें सीमा पार से आतंकवाद के लिए आतंकवादी समर्थक का उपयोग शामिल है।
The 12th Counter-Terrorism Dialogue between India and the European Union was held virtually today. India and the EU strongly condemned terrorism in all its forms and manifestations including the use of terrorist proxies for cross-border terrorism: Ministry of External Affairs
— ANI (@ANI) November 19, 2020