रेलवे परिसंपत्तियों की सुरक्षा करेगा खास निंजा ड्रोन, पीयूष गोयल ने शेयर किया वीडियो
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कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान जहां सब कुछ ठप्प पड़ा हुआ है, वहीं भारतीय रेल लगातार अपने विकास कार्यों को पूरा करने में लगा हुआ है। रेल मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि रेलवे ने अपनी परिसंपत्तियों की निगरानी और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए निंजा मानवरहित यान खरीदे हैं। मध्य रेलवे के मुंबई संभाग ने स्टेशन परिसरों, रेल मार्ग खंडों, यार्डों, कार्यशालाओं जैसे रेलवे क्षेत्रों की बेहतर सुरक्षा और निगरानी के लिए हाल ही में दो निंजा मानवरहित यान खरीदे हैं।
गोयल ने ट्वीट किया, ‘आसमान में नजर: निगरानी प्रणाली में सुधार, रेलवे ने हाल ही में निंजा मानवरहित यान खरीदे हैं। समय पर टैकिंग, वीडियो स्ट्रीमिंग और गड़बड़ी के समय जरूरी कदम उठाने जैसी सुविधा से लैस ड्रोन रेलवे परिसंपत्तियों की निगरानी बढ़ायेंगे तथा यात्रियों की अतिरिक्त सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे।’
Eye in the Sky: Improving Surveillance System, Railways has recently procured Ninja Unmanned Aerial Vehicles.
With real-time tracking, video streaming & automatic failsafe mode, the drones will enhance monitoring of the railway assets and ensure additional safety for passengers. pic.twitter.com/DOLM5olyxVविज्ञापन विज्ञापन— Piyush Goyal (@PiyushGoyal) August 17, 2020
मंत्रालय के एक बयान के अनुसार रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने रेलवे सुरक्षा के लिए ड्रोनों के व्यापक उपयोग की योजना बनायी है। बयान के अनुसार दक्षिणपूर्व रेलवे, मध्य रेलवे, रायबरेली की मॉडर्न कोचिंग फैक्ट्री, और दक्षिण पश्चिम रेलवे के लिए 31.87 लाख रुपये की लागत से आरपीएफ ने अब तक नौ ड्रोन खरीदे हैं। आरपीएफ की 97.52 लाख रुपये की लागत से भविष्य में 17 और ऐसे ड्रोन खरीदने की योजना है।
मंत्रालय का कहना है कि ड्रोन रेलवे की परिसंपत्तियों की निगरानी, यार्डों ,कार्यशालााओं एवं कारशेड की सुरक्षा में मदद कर सकते हैं और इनका उपयेाग जुआ, कूड़ा फेंके जाने, रेल परिसर में फेरी लगाने जैसे अपराधी एवं असामाजिक गतिविधियों पर निगरानी के लिए किया जा सकता है।