{"_id":"586794014f1c1b741aeeebce","slug":"people-are-satisfied-with-noteban-after-50-days","type":"story","status":"publish","title_hn":"अमर उजाला पोलः नोटबंदी के 50 दिन बाद की स्थिति से संतुष्ट हैं लोग","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
अमर उजाला पोलः नोटबंदी के 50 दिन बाद की स्थिति से संतुष्ट हैं लोग
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Sat, 31 Dec 2016 05:13 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बीते 8 नवबंर को प्रधानमंत्री मोदी ने नोटबंदी की घोषणा कर देश की जनता से 50 दिन की मोहलत मांगी थी जो आज पूरी हो रही है। प्रधानमंत्री ने दावा किया था कि 50 दिन बाद हालात में काफी सुधार होगा और आम जनता को राहत मिलेगी। बीते 50 दिनों में देश में काफी कुछ बदला, बैंकों और एटीएम के बाहर लंबी लाइनें लगीं और इन लाइनों से कुछ मौतों की दिल दुखाती खबरें भी आईं।
विज्ञापन
संसद और संसद के बाहर राजनीतिक दलों में इस मुद्दे पर घमासान मचा रहा। आलम ये रहा कि सरकार की पूरी फौज जब तब प्रधानमंत्री के फैसले का बचाव करती नजर आई तो खुद पीएम ने भी कई बार इसके नफा नुकसान के बारे में बताते हुए हालात सुधरने का दावा किया।
विज्ञापन
पूरी संभावना है कि नव वर्ष की पूर्व संध्या पर भी प्रधानमंत्री इस मुद्दे पर जनता को संबोधित करते नजर आएं। जनता से जुड़े इसी महत्वपूर्ण सवाल पर अमर उजाला ने भी ऑनलाइन पोल करवाया। जिसमें सवाल पूछा गया कि "नोटबंदी के 50 दिन पूरे, क्या आप मौजूदा स्थिति से संतुष्ट हैं?"
विज्ञापन
खास बात ये रही कि जनता से जुड़े इस सीधे सवाल पर लोगों ने जबरदस्त रुझान दिखाया। यही कारण रहा कि हमें यह पोल दूसरे दिन भी जारी रखना पड़ा। नतीजा ये निकला कि कुल 28500 से ज्यादा लोगों ने पोल में भाग लिया। इस सवाल के जवाब में जनता को हां, नहीं और कह नहीं सकते के रूप में तीन विकल्प दिए गए थे।
जिसमें से 51.15 फीसदी यानि कुल 14500 लोगों ने हां के पक्ष में वोट किया। यानि आधे से ज्यादा जनता इस मुद्दे पर सरकार के पक्ष में खड़ी नजर आई। हालांकि इससे असहमत होने वालों की संख्या भी कम नहीं थी। कुल 47.44 फीसदी यानि 13449 लोगों ने इसके खिलाफ वोट किया जबकि मात्र 1.41 फीसदी यानि 400 लोग ऐसे भी रहे जो इस मुद्दे पर अपनी कोई राय नहीं बना सके।