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नईं गाइडलाइन जारी, प्लेन में बदतमीजी की तो सालों तक नहीं कर पाएंगे सफर
amarujala.com- Presented by: पवन नाहर
Updated Sat, 06 May 2017 08:48 AM IST
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दिल्ली हवाई अड्डा
- फोटो : Google Plus
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शिवसेना सांसद रविंद्र गायकवाड़ द्वारा एयर इंडिया में की गई बदसलूकी और अभद्र व्यवहार के बाद भारत सरकार 'नो-फ्लाइ लिस्ट' के लिए नए नियम जारी किए। नागरिक उड्डयन सचिव आर एन चौबे ने इन नियमों काड्राफ्ट पेश किया। इसके साथ ही लोगों को उनके खराब आचरण और अभद्र व्यवहार के लिए फ्लाइट में बोर्ड करने से रोका जाएगा।
नए नियमों के अनुसार बदमिजाज लोगों के रवैये को 3 कैटेगरी में बांटा गया है। पहले लेवल में शारीरिक हाव-भाव से रोक पैदान करने पर सजा दी जाएगी। लेवल-2 में शारीरिक स्तर पर हिंसा, धक्का-मुक्की, हाथ-पांव चलाना और यौन शोषण जैसे अपराध शामिल होंगे।
तीसरे और अंतिल लेवल पर जानलेवा हिंसा, जान से मारने की धमकी जैसा बर्ताव शामिल किया जाएगा। पहले लेवल के दोषी होने पर 3 महीने, दूसरे लेवल पर 6 महीने से 2 साल और तीसरे लेवल में 2 से ज्यादा की सजा का प्रावधान रखा गया है। इसके अलावा बुरे बर्ताव के लिए फ्लाइट में उड़ने पर रोक भी लगाई जा सकती है।
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हालांकि, डोमेस्टिक फ्लाइट में लगी पाबंदी को अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट्स के लिए मानना अनिवार्य नहीं हैं। वो इस मामले में फैसला लेने पर स्वतंत्र हैं। इंडियन एयरलांइस के मांग पर उड्डयन मंत्रालय द्वारा सिविल एवियेशन रिक्वायरमेंट (सीएआर) ड्राफ्ट तैयार किया गया है। भारत में पहली बार इस तरह का ड्राफट लाया गया है।
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नए नियमों के अनुसार बदमिजाज लोगों के रवैये को 3 कैटेगरी में बांटा गया है। पहले लेवल में शारीरिक हाव-भाव से रोक पैदान करने पर सजा दी जाएगी। लेवल-2 में शारीरिक स्तर पर हिंसा, धक्का-मुक्की, हाथ-पांव चलाना और यौन शोषण जैसे अपराध शामिल होंगे।
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तीसरे और अंतिल लेवल पर जानलेवा हिंसा, जान से मारने की धमकी जैसा बर्ताव शामिल किया जाएगा। पहले लेवल के दोषी होने पर 3 महीने, दूसरे लेवल पर 6 महीने से 2 साल और तीसरे लेवल में 2 से ज्यादा की सजा का प्रावधान रखा गया है। इसके अलावा बुरे बर्ताव के लिए फ्लाइट में उड़ने पर रोक भी लगाई जा सकती है।
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हालांकि, डोमेस्टिक फ्लाइट में लगी पाबंदी को अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट्स के लिए मानना अनिवार्य नहीं हैं। वो इस मामले में फैसला लेने पर स्वतंत्र हैं। इंडियन एयरलांइस के मांग पर उड्डयन मंत्रालय द्वारा सिविल एवियेशन रिक्वायरमेंट (सीएआर) ड्राफ्ट तैयार किया गया है। भारत में पहली बार इस तरह का ड्राफट लाया गया है।
रविंद्र गायकवाड़ के बर्ताव के बाद की गई मांग
सांसद रविंद्र गायकवाड़
विमान में सफर करने के लिए बनाए गए नियमों की घोषणा नागरिक उड्डयन मंत्री गजपति और जयंत सिन्हा करेंगे। इस ड्राफ्ट के अनुसार नियमों का उल्लंघन करने वालों की हवाई यात्रा पर रोक भी लगाई जा सकती है।
बता दें कि 23 मार्च को रवींद्र गायकवाड़ ने एयर इंडिया के विमान में एक कर्मचारी से मारपीट की। इसके बाद एयर इंडिया ने उनपर बैन लगा दिया था। हालांकि मंत्रालय में माफीनामा देने के बाद एयरलाइन्स ने उनपर से बैन हटा लिया। नियमों को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए घरेलू विमान की बुकिंग में भी आधार या पासपोर्ट नंबर अनिवार्य किया जा सकता है।
इस ड्राफ्ट पर आम जनता से भी राय ली जाएगी। आम जनता को अपने सुझाव एक महीने के भीतर देने होंगे। इसके बाद मंत्रालय सुझावों पर विचार करेगा और फिर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। इस काम में लगभग 3 महीने का वक्त लगेगा।
इस ड्राफ्ट को पेश किए जाने के बाद सांसद रविंद्र गायकवाड़ ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि इससे भी ज्यादा सख्त नियम बनाए जाने चाहिए।
बता दें कि 23 मार्च को रवींद्र गायकवाड़ ने एयर इंडिया के विमान में एक कर्मचारी से मारपीट की। इसके बाद एयर इंडिया ने उनपर बैन लगा दिया था। हालांकि मंत्रालय में माफीनामा देने के बाद एयरलाइन्स ने उनपर से बैन हटा लिया। नियमों को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए घरेलू विमान की बुकिंग में भी आधार या पासपोर्ट नंबर अनिवार्य किया जा सकता है।
इस ड्राफ्ट पर आम जनता से भी राय ली जाएगी। आम जनता को अपने सुझाव एक महीने के भीतर देने होंगे। इसके बाद मंत्रालय सुझावों पर विचार करेगा और फिर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। इस काम में लगभग 3 महीने का वक्त लगेगा।
इस ड्राफ्ट को पेश किए जाने के बाद सांसद रविंद्र गायकवाड़ ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि इससे भी ज्यादा सख्त नियम बनाए जाने चाहिए।
#WATCH: Shiv Sena MP Ravindra Gaikwad speaking about 'No-fly list of unruly passengers', says "there should be strict guidelines" pic.twitter.com/XHEJHr7mUU
— ANI (@ANI_news) May 5, 2017