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राजीव गांधी पर 'विराट' आरोप में कितनी सच्चाई, 30 साल पुराने पन्नों में दर्ज पूरी कहानी
Fri, 10 May 2019 07:34 PM IST
Priyesh Mishra
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Priyesh Mishra
Updated Fri, 10 May 2019 07:34 PM IST
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INS Viraat
- फोटो : सोशल मीडिया
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा चुनाव प्रचार अभियान में पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी को लेकर किए गए दावों पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। इसे लेकर अंग्रेजी के अखबार इंडियन एक्सप्रेस ने शुक्रवार 10 मई 2019 के अंक में 30 साल पहले की अपनी रिपोर्ट्स को प्रकाशित किया है जिसमें तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी के लक्षद्वीप यात्रा के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई है।
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'निजी टैक्सी' बयान पर मचा है सियासी घमासान
पीएम मोदी ने बुधवार को दिल्ली के रामलीला मैदान में चुनावी जनसभा में आरोप लगाया था कि जब राजीव गांधी प्रधानमंत्री थे तो गांधी परिवार युद्धपोत आईएनएस विराट का उपयोग ‘‘निजी टैक्सी’’ के रूप में करता था।
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ये हैं इंडियन एक्सप्रेस की वो रिपोर्ट्स
sonia rajiv gandhi
16 दिसंबर 1987
अंग्रेजी अखबार इंडियन एक्सप्रेस के 16 दिसंबर 1987 में छपी एक रिपोर्ट में लिखा है, ''प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने पिछले साल का क्रिसमस अंडमान में बिताया था वो इस साल (यानि 1987 का क्रिसमस) की छुट्टी अपने इतालवी रिश्तेदारों और दोस्तों के साथ लक्षद्वीप समूह के एक निर्जन द्वीप पर बिताएंगे।''इस रिपोर्ट में लिखा है, ''इंजीनियर और कर्मचारी आधुनिक सुविधाओं के साथ उस द्वीप पर हेलीपैड और अस्थायी झोंपड़ियों का निर्माण कर रहे हैं। इस द्वीप पर नारियल और मछलियों को छोड़कर सभी चीजों को मुख्य भूमि से लाया जाना है। जो यहां से लगभग 200 किमी से 400 किमी दूर है। यहां लाने के लिए हर चीज को एयरलिफ्ट करना पड़ेगा जिसमें कुक, पानी, जनरेटर, परिचारक और सुरक्षाकर्मी शामिल हैं।''
28 दिसंबर 1987
वहीं इंडियन एक्सप्रेस की 28 दिसंबर 1987 की रिपोर्ट के अनुसार, ''प्रधानमंत्री राजीव गांधी के निर्जन द्वीपों में से एक पर छुट्टियां मनाने के कारण मुख्यभूमि से लक्षद्वीप तक लोगों की आवाजाही को बंद कर दिया गया है। जो भी लोग द्वीप पर जाना चाहते हैं उन्हें अब प्रधानमंत्री की छुट्टियां खत्म होने का इंतजार करना पड़ेगा। 15 जनवरी तक सभी जहाजों के टिकट के बिक्री को भी बंद कर दिया गया है। इसकों लेकर अधिकारियों द्वारा कारण दिया गया है कि सभी उपलब्ध सीटें यात्रियों द्वारा अग्रिम में बुक की गई थीं और कुछ सीटें प्रधानमंत्री की यात्रा के सिलसिले में मंत्रियों और अधिकारियों के लिए आरक्षित थीं।''बंगाराम द्वीप को प्राप्त है यह विशेष दर्जा
राजीव गांधी
30 दिसंबर 1987
इंडियन एक्सप्रेस की 30 दिसंबर 1987 की रिपोर्ट के अनुसार, "प्रधानमंत्री राजीव गांधी द्वारा साल के अंत की छुट्टियां बिताने के लिए चुना गया बंगाराम द्वीप को लक्षद्वीप समूह में विशेष दर्जा प्राप्त है। यह एकमात्र द्वीप है जहां शराब की पीने की अनुमति है। जबकि अन्य सभी मुस्लिम बहुल द्वीपों में शराब निषेध का कानून सख्ती से लागू है। इसके अलावा लक्षद्वीप के यात्री जहाज पर शराब का सेवन कर सकते हैं।''''... यह समझा जाता है कि प्रधानमंत्री एक जहाज पर नए साल की पार्टी की मेजबानी करने की योजना बना रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, कुछ चुनिंदा ब्रांड के शराब के कार्टूनों को वीआईपी की जरूरतों को पूरा करने के लिए पहले ही बांगराम भेज दिया गया है। स्वास्थ्य निरीक्षकों द्वारा गहन जांच के बाद कोचीन से चिकन, मांस और ताजी सब्जियां लाई जा रही हैं।”
24 जनवरी 1988
इंडियन एक्सप्रेस की 24 जनवरी 1988 को प्रकाशित रिपोर्ट में लिखा है, ''कम से कम आठ विदेशी मेहमान यहां नए साल की छुट्टी के दौरान प्रधानमंत्री और उनके परिवार में शामिल हुए। जिसमें कुल मिलाकर, 24 पुरुष, महिलाएं और बच्चे थे। उनकी जरूरतों को देखते हुए विभिन्न विभागों, रसोइयों और नौसेना से जुड़े 70 अन्य व्यक्ति भी साथ थे। पड़ोसी अगत्ती द्वीप पर लक्षद्वीप पुलिस और मध्य प्रदेश सशस्त्र विशेष पुलिस के करीब 1200 पुलिसकर्मी बंगाराम द्वीप की सुरक्षा में गश्त पर थे।नौसेना की फ्लीट द्वारा उन्हें 24 घंटे सुरक्षा दी जा रही थी। विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, पीएम की सुरक्षा को लेकर तैनात भारतीय नौसेना के जहाजों में विमानवाहक पोत आईएनएस विराट, आईएनएस विंध्यगिरि, आईएनएस तारगिरी और लैंडिंग शिल्प वाहक 39 आईएनएस मगर शामिल थे।
इसके अलावा लक्षद्वीप प्रशासन के तेल टैंकर एमटी सुहेली और एमटी भारत भी तैनात थे। एमवी भारतसीमा जैसे यात्री लाइनर और सागरदीप जैसे अनुसंधान पोतों को अपने नियमित कार्य से हटा कर पीएम की छुट्टी के लिए तैनात किया गया था।
जानिए मेहमानों के बारे में
rajiv gandhi
24 जनवरी 1988
इंडियन एक्सप्रेस की 24 जनवरी 1988 को प्रकाशित रिपोर्ट में लिखा है, "लक्षद्वीप के बंगाराम द्वीप में छुट्टियां मनाने वाले प्रधानमंत्री राजीव गांधी के साथ उनकी पत्नी सोनिया और उनके दो बच्चे राहुल और प्रियंका, अजिताभ बच्चन की तीन बेटियां, अमिताभ बच्चन और उनकी पत्नी जया, उनके बच्चे श्वेता और अभिषेक के अलावा सोनिया गांधी की मां श्रीमती पी माइनो, उनकी बहन नादिया वल्दिमेरो और उनका बच्चा जी वाल्डिमेरो, सोनिया के बहनोई वाल्टर विंची और सोनिया की जर्मन मित्र सबीना शामिल थीं।पूर्व कमांडर का दावा- मोदी के आरोप एकदम सही
rajiv gandhi
राजीव गांधी और सोनिया गांधी ने बंगाराम आइलैंड पर छुट्टियां मनाने के लिए आईएनएस विराट का इस्तेमाल किया था। खासतौर पर उनके लिए ही भारतीय नौसेना के संसाधनों का इस्तेमाल किया गया। मैं खुद इसका गवाह हूं। मैं भी उस वक्त आईएनएस विराट पर ही तैनात था। - वीके जेटली, रिटायर्ड नौसेना कमांडर
कांग्रेस ने जहां इसे लेकर पीएम मोदी और भाजपा पर पलटवार किया वहीं पूर्व नौसेना प्रमुख एडमिरल (रि.) एल रामदास ने भी बयान जारी किया। रामदास उस वक्त दक्षिणी कमान के चीफ थे। उन्होंने कहा कि 'जिस वाकये को राजीव का सपरिवार छुट्टी मनाना बताया जा रहा है, वह दरअसल उनका सरकारी दौरा था। वे लोग वहां लड्डू-पेड़े बांटने नहीं गए थे। राजीव के साथ आईएनएस विराट पर कोई विदेशी नहीं था।'