रेलवे की बड़ी लापरवाही, दिनभर टूटे ट्रैक से गुजरती रहीं ट्रेनें
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करीब पचास दिनों कानपुर के पास दो बड़े रेल हादसे हो चुके हैं। पहले हादसे में करीब डेढ़ सौ यात्रियों की जान चली गई। बावजूद इसके रेल प्रशासन नहीं चेत रहा है। कटघर स्टेशन के पास डाउन लाइन पर टूटे रेलचक से रविवार को दिनभर में राजधानी, श्रमजीवी सहित कई ट्रेनें गुजरती रहीं। लखनऊ और काशीपुर जाने वाली ट्रेनों को इसी ट्रैक से गुजारी। जबकि रेल प्रशासन बेखबर बना रहा है। गनीमत रहा कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ।
मुरादाबाद से लखनऊ और काशीपुर की ओर जाने वाली ट्रेनें कटघर स्टेशन होकर गुजरती हैं। मुरादाबाद लखनऊ रेल मार्ग पर कटघर स्टेशन के पास सोनिया वैंकटहाल के सामने रविवार को रेलचक टूटा मिला। डाउन लाइन पर रेलचक में लगे पांच में से दो नटबोल्ट टूटे मिले। जबकि इस ट्रैक पर ट्रेनें स्पीड से दौड़ती रही।
घटना से रेल प्रशासन बेखबर बना रहा
इस घटना से रेल प्रशासन बेखबर बना रहा। न तो इसका पता रेल कर्मचारियों को लगा और न ही अधिकारियों को। दिनभर ट्रेनें टूटे रेलचक के उपर से गुजरती रहीं। जबकि टूटे रेलचक से बड़ा हादसा हो सकता था। ट्रेन पटरी से उतर सकती थी। ये हाल तब जब नवंबर और दिसंबर में दो रेल हादसे हो चुके हैं।
खतरे जैसी कोई बात नहीं
एडीआरएम संजीव मिश्र का कहना है कि खतरे जैसी कोई बात नहीं है। फिर भी एहतियात बरती जाएगी। रेलचक पर तीन नटबोल्ट लगे हैं। मौके पर टीम भेजकर टूटे नटबोल्ट को ठीक कराया जाएगा।
चौबीस घंटे में गुजरती हैं सत्तर से अस्सी ट्रेनें
मुरादाबाद स्टेशन से रोजाना औसतन डेढ़ सौ ट्रेनें गुजरती हैं। इसमें एक्सप्रेस और पैसेंजर दोनों ट्रेनें शामिल हैं। ये संख्या अप और डाउन दोनों साइड मिलाकर है। इस तरह एक साइड से चौबीस घंटे में करीब सत्तर से अस्सी ट्रेनें निकलती हैं।