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Morbi Bridge Collapse: हादसे के बाद नईम शेख ने पेश की इंसानियत की मिसाल, घायल होकर भी 60 लोगों की जान बचाई
Tue, 01 Nov 2022 03:33 PM IST
निर्मल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अहमदाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अहमदाबाद
Published by: निर्मल कांत
Updated Tue, 01 Nov 2022 03:33 PM IST
सार
नईम को तैरना आता था। उसने अपने दोस्तों के साथ मिलकर पचास से साठ लोगों को मौत के मुंह से बाहर निकाला। नईम के मुताबिक, हादसे के समय वह अपने पांच दोस्तों के साथ पुल पर ही मौजूद था। इन पांच में से एक दोस्त की भी मौत हो गई।
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गुजरात पुल हादसे में नईम ने बचाई साठ लोगों की जान
- फोटो : ANI
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विस्तार
गुजरात में पुल हादसे के बीच एक शख्स ने सांप्रदायिक सद्भावना की मिसाल कायम की है। हादसे में जहां करीब डेढ़ सौ लोगों की जान चली गई। वहीं, शख्स ने 60 लोगों की जिंदगियां बचा लीं। ये शख्स खुद हादसे के पीड़ितों में से एक है, लेकिन इसने दूसरों के जीवन को बचाने के लिए अपनी जान खतरे में डाली।
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लोगों को बचाते हुए नईम को लगी चोट
हम बात कर रहे हैं, नई शेख की। नईम को तैरना आता था। उसने अपने दोस्तों के साथ मिलकर पचास से साठ लोगों को मौत के मुंह से बाहर निकाला। नईम के मुताबिक, हादसे के समय वह अपने पांच दोस्तों के साथ पुल पर ही मौजूद था। इन पांच में से एक दोस्त की भी मौत हो गई। बकौल नईम, मुझे तैरना आता है। मैंने अपने दोस्तों के साथ मिलकर करीब पचास-साठ लोगों को नदी से बाहर निकाला। यह हृदय विदारक घटना थी। जब मैं लोगों को सुरक्षित स्थान पर ला रहा था, उसी दौरान मुझे चोट लग गई। इसके बावजूद हमने कोशिश जारी रखी।
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मोरबी के सिविल हॉस्पिटल में चल रहा नई का इलाज
पुल हादसे में गिरने के बाद नई शेख खुद भी घायल हैं। वह फिलहाल मोरबी के सिविल हॉस्पिटल में भर्ती हैं और उनका उपचार चल रहा है।
घटना के वक्त पुल पर मौजूद थे करीब पांच सौ लोग
इस दर्दनाक हादसे में बचे एक शख्स ने बताया कि घटना के समय पुल पर करीब पांच सौ लोग रहे हैं। पुल अचानक टूट गया और हम सब पानी में गिर गए। मैं पानी में करीब एक घंटे तक रहा, जिसके बाद ही बाहर निकल पाया। मैं जिंदा बच गया, इसकी तो खुशी है लेकिन इतनी बड़ी संख्या में लोगों की मौत से बहुत ही दुखी हूं। यह हादसा कभी नहीं भुलाया जा सकता है।
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राज्य में दो नवंबर को राज्यव्यापी शोक की घोषणा
इस बीच, राज्य सरकार ने हादसे के मृतकों को श्रद्धांजलि देने के लिए 2 नवंबर को शोक की घोषणा की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हादसे की स्थिति की समीक्षा की गई। इसके बाद यह राज्यव्यापी शोक का फैसला लिया गया।
2 नवंबर को आधा झुका रहेगा राष्ट्रीय ध्वज
गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने ट्वीट किया, गुजरात सरकार ने 2 नवंबर को राज्यव्यापी शोक मनाने का फैसला किया है। राज्य में राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा और कोई आधिकारिक समारोह नहीं होगा।