फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   moving boundaries campaign will help women to learn driving

मूविंग बाउंड्रीज मुहिम: महिलाओं की कमाई का जरिया बनेंगी बाइक और कार, ड्राइविंग सिखा कर नारी को आत्मनिर्भर बनाने की तैयारी

Mon, 01 Nov 2021 06:21 PM IST
Harendra Chaudhary डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Harendra Chaudhary Updated Mon, 01 Nov 2021 06:21 PM IST
सार

मोवो संस्थापक जय भारती, इस मुहिम के अंतर्गत अपनी बाइक पर भारत का भ्रमण कर रही हैं। 11 अक्तूबर से शुरू की गई 40 दिनों की इस यात्रा में वे देश के 20 शहरों में जाएंगी। वहां पर महिलाओं को ड्राइविंग सीखने के लिए प्रेरित किया जाएगा। इस मुहिम से जुड़कर महिलाएं अपने लिए रोजगार के मौके बढ़ा सकेंगी...

विज्ञापन
moving boundaries campaign will help women to learn driving
मूविंग वुमन सोशल इनिशिएटिव फाउंडेशन (मोवो) की संस्थापक जय भारती - फोटो : Amar Ujala

विस्तार

रोजगार और जीवन में बेहतर अवसर दिलाने के लिए महिलाओं को ड्राइविंग सिखाने की मुहिम शुरू की गई है। यानी अब ड्राइविंग, महिलाओं के लिए कमाई का एक बड़ा जरिया बनने जा रही है। यूनाइटेड किंगडम स्थित शेल फाउंडेशन के सहयोग से मूविंग वुमन सोशल इनिशिएटिव फाउंडेशन (मोवो) की संस्थापक जय भारती का कहना है, बाइक और कार नारी को आत्मनिर्भर बनाने में अहम रोल अदा करेगी। शेल फाउंडेशन की मदद से 'मूविंग बाउंड्रीज' मुहिम शुरू की गई है। इसका मकसद महिलाओं को ड्राइविंग के जरिए अपने पांव पर खड़े करने के लिए प्रेरित करना है। ड्राइविंग सीखने के बाद महिलाएं, पारिस्थिकी तंत्र की अड़चनों को दूर करते हुए ट्रांसपोर्टेशन उद्योग में बतौर टैक्सी और ई-रिक्शा ड्राइवर या ई-कॉमर्स कंपनियों के लिए डिलिवरी एजेंट्स के रूप में खुद की खातिर रोजगार की बेहतर संभावनाएं तलाश सकती हैं।

विज्ञापन


मोवो संस्थापक जय भारती, इस मुहिम के अंतर्गत अपनी बाइक पर भारत का भ्रमण कर रही हैं। 11 अक्तूबर से शुरू की गई 40 दिनों की इस यात्रा में वे देश के 20 शहरों में जाएंगी। वहां पर महिलाओं को ड्राइविंग सीखने के लिए प्रेरित किया जाएगा। इस मुहिम से जुड़कर महिलाएं अपने लिए रोजगार के मौके बढ़ा सकेंगी। इसी दौरे के तहत जया भारती, पिछले सप्ताह नई दिल्ली पहुंची थीं। हैदराबाद से अपने टूर की शुरुआत करने वाली भारती, बेंगलुरु, चेन्नई, कोची, गोवा, पुणे, मुंबई, सूरत, अहमदाबाद, उदयपुर और जयपुर का सफर तय कर चुकी हैं। इसके बाद वे लखनऊ, वाराणसी, पटना, गुवाहाटी, कोलकाता, रांची और भुवनेश्वर जैसे कई अन्य शहरों में जाएंगी। जया का कहना है कि कोरोनाकाल में बहुत सी महिलाओं के सामने आर्थिक संकट गया था। वजह, सार्वजनिक ट्रांसपोर्ट बंद था और वे खुद से ड्राइविंग नहीं कर सकती थी। नतीजा, उन्हें नौकरी छोड़नी पड़ी।
विज्ञापन


भारती के अनुसार, इस मुहिम का मकसद है कि महिलाएं इस बात के प्रति जागरुक हों कि ड्राइविंग और अकेले सुरक्षित यात्रा करना कितना जरूरी है। इससे वे अपने जीवन के अन्य क्षेत्रों में भी अपनी संभावनाओं का विस्तार कर सकती हैं। मुहिम का जोर न सिर्फ इस बात पर है कि महिलाएं ड्राइविंग सीखें, बल्कि इलेक्ट्रिक वाहन भी खरीदें। इससे उनकी कमाई का ग्राफ बढ़ जाएगा। 'इवेन कार्गो', जो कि एक ऐसी सामाजिक संस्था है जो महिला ड्राइवर्स को प्रशिक्षण, रोजगार देने और इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने में मदद करती है, वह भी इस मुहिम में सहयोग कर रही है। 'मूविंग बाउंड्रीज' के बारे में बात करते हुए जय भारती ने कहा, दुनियाभर में महिलाओं को अपने आवागमन को लेकर कई अड़चनों का सामना करना पड़ता है। वे अच्छी पढ़ाई या ऐसे कामों के लिए घर से ज्यादा दूर नहीं जा पातीं। अगर उन्हें ज्यादा या असुरक्षित यात्रा करनी पड़े तो वे बाहर जाने के प्रति उत्साहित नहीं होंगी। ऐसे में उनके पास रोजगार के काफी सीमित मौके ही रह जाते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस साझेदारी पर शेल फाउंडेशन की शिप्रा नायर ने कहा कि हमारा मकसद महिलाओं की मोबिलिटी बढ़ाकर उन्हें समान अवसर पाने में मदद करना है। बड़ी संख्या में ऐसी महिला ड्राइवर्स को तैयार किया जा सकता है, जो इलेक्ट्रिक वाहन की मालिक होंगी। वह वर्कफोर्स भारत के 100 से भी ज्यादा शहरों और गांवों में दूसरी महिलाओं के लिए सुरक्षित ट्रांसपोर्टेशन व कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने का काम करेंगी।


हैदराबाद में स्थित मोवो ने अब तक 10 हजार से ज्यादा महिलाओं को अपने साथ जोड़ा है। 1500 से ज्यादा महिलाओं को दोपहिया वाहन चलाने का प्रशिक्षण और ड्राइविंग लाइसेंस दिलाकर इनमें से कुछ महिलाओं को लॉजिस्टिक्स डिलिवरी क्षेत्र में नौकरियां पाने में मदद की है। देश का पहला महिला ड्राइविंग संस्थान तेलंगाना में शुरू हो रहा है। मोवो का प्रयास है कि ऐसे संस्थान देश के दूसरे हिस्सों में भी खुलें। इसके लिए केंद्र एवं राज्यों के साथ बातचीत की जा रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed