हंगामा, निलंबन और बहिष्कार के लिए याद किया जाएगा मानसून सत्र
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कोरोना काल में आयोजित संसद का मानसून सत्र बीते बजट सत्र की तरह ही निर्धारित समय से आठ दिन पहले ही समाप्त हो गया। पहले राज्यसभा और बाद में लोकसभा की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई। कोरोना महामारी के साये में आयोजित इस सत्र को सांसदों के निलंबन, हंगामा और विपक्ष के बहिष्कार के लिए जाना जाएगा। 10 दिन चले सत्र में 25 बिल पारित हुए। इनमें 13 बजट सत्र के बाद सरकार की ओर से जारी अध्यादेशों से संबंधित थे। इनमें से 10 बिल विपक्षी दलों की अनुपस्थिति में पारित हुए। जो बिल विपक्ष की अनुपस्थिति में पारित हुए उनमें श्रम कानूनों में बदलावों से जुड़े तीन अहम बिल भी शामिल हैं।
कृषि विधेयकों पर अभूतपूर्व हंगामा
राज्यसभा में कृषि क्षेत्र से जुड़े तीन बिलों को पारित कराने के मामले में अभूतपूर्व हंगामा हुआ। विपक्ष ने उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह पर नियमों की अनदेखी कर बिल पारित कराने का आरोप लगाया। इस दौरान वेल में प्रदर्शन के दौरान विपक्षी सांसदों ने नियमावली फाड़ दी। माइक तोड़ दिये। मार्शलों से बदसलूकी की। हंगामा करने वाले आठ सांसदों को पूरे सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया।
आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति
सरकार और विपक्ष में जमकर आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति हुई। उपसभापति हरिवंश पहले धरने पर बैठे निलंबित सांसदों को चाय पिलाई। फिर राष्ट्रपति को हंगामे व खुद के साथ हुए दुर्व्यवहार को लेकर मार्मिक पत्र लिखा। वहीं, कांग्रेस की अगुवाई में कई विपक्षी दलों ने राज्यसभा और लोकसभा की कार्यवाही का बहिष्कार किया। बुधवार को राज्यसभा में विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजाद ने राष्ट्रपति से मुलाकात कर उपसभापति की शिकायत की।
बदली परिस्थितियों में हुई बैठक
कोरोना संक्रमण के कारण मानसून सत्र में सब कुछ बदला हुआ था। पहली बार बैठकों के लिए संसद के दोनों सदनों और यहां तक कि सांसदों को बैठाने के लिए संसद दीर्घाओं तक का इस्तेमाल किया गया। सामाजिक दूरी के लिए कई अहम बदलाव किए गए। सांसदों, कर्मचारियों और मीडिया को कोरोना टेस्ट के बाद ही कार्यवाही में शिरकत करने की अनुमति मिली। दोनों सदनों की कार्यवाही अलग-अलग समय में आयोजित की गई।
अहम विधेयकों पर लगी मुहर
- राष्ट्रीय न्यायालयी विज्ञान विश्वविद्यालय विधेयक
- कंपनी (संशोधन) विधेयक
- बैंकिंग विनियमन (संशोधन) विधेयक
- आवश्यक वस्तु विधेयक
- प्रौद्योगिकी संस्थान विधियां विधेयक
- राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय विधेयक
- कराधान और अन्य विधि विधेयक
- जम्मू-कश्मीर राजभाषा विधेयक
- विनियोग (संख्या 3) विधेयक
- विनियोग (संख्या 4) विधेयक
- आजीविका सुरक्षा, स्वास्थ्य और कार्यदशा संहिता
- औद्योगिक संबंध संहिता
- सामाजिक सुरक्षा संहिता
- अर्हित वित्तीय संविदा द्विपक्षीय नेटिंग विधेयक
- विदेशी अभिदाय (विनियमन) संशोधन विधेयक
- कृषक उपज व्यापार और वाणिज्य (संवर्धन और सरलीकरण) विधेयक
- कृषक (सशक्तीकरण व संरक्षण) कीमत आश्वासन और कृषि करार विधेयक