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सत्ता चाहने वाले फैला रहे सीएए पर गलतफहमी : फिरोज बख्त अहमद
Fri, 31 Jan 2020 05:56 AM IST
संजीव कुमार झा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Fri, 31 Jan 2020 05:56 AM IST
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Firoz Bakht Ahmed
- फोटो : ANI
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हैदराबाद के मौलाना आजाद राष्ट्रीय उर्दू विश्वविद्यालय के कुलाधिपति फिरोज बख्त अहमद ने बृहस्पतिवार को सीएए और एनआरसी को लेकर चल रहे हंगामे को सत्ता चाहने वालों का कारनामा बताया। उन्होंने कहा कि सीएए और एनआरसी का आपस में कोई सीधा संबंध ही नहीं है।
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Firoz Bakht Ahmed, Chancellor, Mulana Azad National Urdu University, Hyderabad: Hats off to Modi & company that they have given refuge to such people (minorities who were troubled in Pakistan, Afghanistan & Bangladesh). https://t.co/7pWEvtnzW7
— ANI (@ANI) January 30, 2020विज्ञापन
इसके बावजूद नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) और राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर (एनआरसी) को लेकर वे लोग गलतफहमी फैला रहे हैं, जो सत्ता में आना चाहते हैं।
इनमें कुछ विपक्षी दल और नेता शामिल हैं। अहमद ने सीएए पारित कराने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रशंसा की। उन्होंने कहा, मोदी और उनके साथियों इस बात के लिए सलाम कि उन्होंने ऐसे लोगों (पाकिस्तान, बांग्लादेश व अफगानिस्तान में प्रताड़ित अल्पसंख्यकों) को शरण देने का निर्णय लिया है।
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