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India-Russia: औद्योगिक और तकनीकी सहयोग को मजबूत करेंगे भारत-रूस; वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने जारी किया बयान
Thu, 07 Aug 2025 04:14 AM IST
शिव शुक्ला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: शिव शुक्ला
Updated Thu, 07 Aug 2025 04:14 AM IST
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भारत और रूस प्रतीकात्मक फोटो
- फोटो : FERRPIC
तकनीकी और औद्योगिक सहयोग को मजबूत करने के लिए पर भारत-रूस कार्य समूह का 11 वां सत्र बुधवार को राजधानी में आयोजित हुआ। इस सत्र में व्यापार, आर्थिक, वैज्ञानिक, तकनीकी और सांस्कृतिक सहयोग को मजबूत करने पर विमर्श किया गया।
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वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि बैठक का समापन दोनों सह-अध्यक्षों की ओर से 11वें सत्र के प्रोटोकॉल पर हस्ताक्षर के साथ हुआ, जिसमें रणनीतिक भारत-रूस साझेदारी और औद्योगिक एवं आर्थिक सहयोग को गहरा करने की साझा प्रतिबद्धता की पुष्टि की गई। मंत्रालय के अनुसार, भारतीय पक्ष की ओर से सह-अध्यक्षता वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (डीपीआईआईटी) के सचिव अमरदीप सिंह भाटिया ने की, तथा रूसी पक्ष की ओर से रूसी संघ के उद्योग एवं व्यापार उप मंत्री एलेक्सी ग्रुजदेव ने की। बैठक में 10वें सत्र के बाद से हुई प्रगति की समीक्षा की गई और प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करने के लिए एक मंच प्रदान किया गया। चर्चा के दौरान आधुनिकीकरण, खनन, उर्वरक और रेल परिवहन के साथ-साथ एयरोस्पेस विज्ञान और प्रौद्योगिकी में सहयोग शामिल था। दोनों पक्षों ने दुर्लभ मृदा और महत्वपूर्ण खनिज, भूमिगत कोयला गैसीकरण और आधुनिक औद्योगिक बुनियादी ढांचे के निर्माण के क्षेत्र में भी अवसर तलाशने पर चर्चा की।
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प्रौद्योगिकी हस्तांतरण पर बनी सहमति
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने कहा कि दोनों पक्षों ने एल्युमीनियम, उर्वरक और रेलवे परिवहन के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने के साथ-साथ खनन क्षेत्र के उपकरण, अन्वेषण और औद्योगिक एवं घरेलू अपशिष्ट प्रबंधन में क्षमता निर्माण और प्रौद्योगिकी हस्तांतरण का स्वागत किया। इस सत्र में दोनों पक्षों का प्रतिनिधित्व करने वाले लगभग 80 प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इनमें वरिष्ठ सरकारी अधिकारी, क्षेत्र विशेषज्ञ और उद्योग जगत के प्रतिनिधि शामिल थे।
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