{"_id":"641b49fe18966b70760afa17","slug":"meghalaya-cm-conrad-k-sangma-said-second-round-of-border-talks-with-assam-to-begin-in-april-may-2023-03-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Border Dispute: मेघायल-असम सीमा विवाद को हल करने के लिए अप्रैल-मई में होगी वार्ता, CM बोले- समिति का किया गठन","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Border Dispute: मेघायल-असम सीमा विवाद को हल करने के लिए अप्रैल-मई में होगी वार्ता, CM बोले- समिति का किया गठन
Thu, 23 Mar 2023 12:03 AM IST
वीरेंद्र शर्मा
पीटीआई, शिलांग
पीटीआई, शिलांग
Published by: वीरेंद्र शर्मा
Updated Thu, 23 Mar 2023 12:03 AM IST
सार
असम और मेघालय ने 884.9 किलोमीटर लंबी अंतरराज्यीय सीमा के साथ 12 विवादित क्षेत्रों की पहचान की है। जुलाई 2021 में पहले दौर की चर्चा शुरू करने वाले इन दो पूर्वोत्तर पड़ोसियों ने अमित शाह की उपस्थिति में छह क्षेत्रों में मतभेदों को हल करने के लिए एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए थे।
विज्ञापन
मेघालय के मुख्यमंत्री कोनराड संगमा (फाइल फोटो)
- फोटो : Facebook
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मेघालय के मुख्यमंत्री कोनराड के संगमा ने बुधवार को कहा कि मतभेदों के शेष छह क्षेत्रों में अंतरराज्यीय सीमा विवाद को सुलझाने के लिए असम के साथ दूसरे दौर की वार्ता अप्रैल या मई में शुरू होगी। इस दिशा में कदम बढ़ाते हुए मेघालय ने री-भोई, पश्चिम खासी हिल्स और जयंतिया हिल्स जिलों में छह क्षेत्रों के लिए मंत्रियों और विधायकों वाली क्षेत्रीय समितियों का भी गठन किया है।
छह विवादित क्षेत्र इन्हीं तीन जिलों में हैं। मुख्यमंत्री ने राज्यपाल के अभिभाषण पर अपने जवाब में कहा, विधानसभा सत्र समाप्त होने के बाद वार्ता अप्रैल या मई में फिर से शुरू होगी। लोगों के सभी मुद्दों को समझने और समझाने के लिए जमीनी स्तर पर विस्तृत विचार-विमर्श होना चाहिए।
छह विवादित क्षेत्रों का किया जा चुका है निपटारा
असम और मेघालय ने 884.9 किलोमीटर लंबी अंतरराज्यीय सीमा के साथ 12 विवादित क्षेत्रों की पहचान की है। जुलाई 2021 में पहले दौर की चर्चा शुरू करने वाले इन दो पूर्वोत्तर पड़ोसियों ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की उपस्थिति में नई दिल्ली में पिछले साल मार्च में छह क्षेत्रों में मतभेदों को हल करने के लिए एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए थे। दो पूर्वोत्तर राज्यों के बीच शेष छह विवादित सीमा क्षेत्र पश्चिम जयंतिया हिल्स जिले के ब्लॉक- I, री-भोई में ब्लॉक- II और पश्चिम खासी हिल्स में लंगपीह में हैं।
विज्ञापन
सीमा विवाद को खत्म करने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही सरकार
मुख्यमंत्री के अनुसार, सीमा वार्ता 2011 में असम को प्रस्तुत अंतर के 12 क्षेत्रों पर अपनी रिपोर्ट के माध्यम से मेघालय सरकार द्वारा किए गए दावों पर आधारित थी। संगमा ने कहा कि सीमा मुद्दों का कोई सही समाधान नहीं है, लेकिन उनकी सरकार असम के साथ लंबे समय से लंबित सीमा विवाद को हल करने के लिए सबसे अच्छा समाधान खोजने की कोशिश कर रही है।
तस्करों के खिलाफ की जा रही कड़ी कार्रवाई
नशीले पदार्थों के खतरे के मुद्दे पर संगमा ने कहा कि सरकार ने मामले को बहुत गंभीरता से लिया है और पिछले कुछ वर्षों में 726 मामले दर्ज किए गए हैं और 1,000 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है। मुख्यमंत्री ने विधानसभा को यह भी बताया कि मेघालय में कोयले के अवैध परिवहन के खिलाफ 1,701 और अवैध कोयला खनन के खिलाफ 200 से अधिक मामले दर्ज किए गए हैं।
विज्ञापन
छह विवादित क्षेत्र इन्हीं तीन जिलों में हैं। मुख्यमंत्री ने राज्यपाल के अभिभाषण पर अपने जवाब में कहा, विधानसभा सत्र समाप्त होने के बाद वार्ता अप्रैल या मई में फिर से शुरू होगी। लोगों के सभी मुद्दों को समझने और समझाने के लिए जमीनी स्तर पर विस्तृत विचार-विमर्श होना चाहिए।
विज्ञापन
छह विवादित क्षेत्रों का किया जा चुका है निपटारा
असम और मेघालय ने 884.9 किलोमीटर लंबी अंतरराज्यीय सीमा के साथ 12 विवादित क्षेत्रों की पहचान की है। जुलाई 2021 में पहले दौर की चर्चा शुरू करने वाले इन दो पूर्वोत्तर पड़ोसियों ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की उपस्थिति में नई दिल्ली में पिछले साल मार्च में छह क्षेत्रों में मतभेदों को हल करने के लिए एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए थे। दो पूर्वोत्तर राज्यों के बीच शेष छह विवादित सीमा क्षेत्र पश्चिम जयंतिया हिल्स जिले के ब्लॉक- I, री-भोई में ब्लॉक- II और पश्चिम खासी हिल्स में लंगपीह में हैं।
विज्ञापन
सीमा विवाद को खत्म करने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही सरकार
मुख्यमंत्री के अनुसार, सीमा वार्ता 2011 में असम को प्रस्तुत अंतर के 12 क्षेत्रों पर अपनी रिपोर्ट के माध्यम से मेघालय सरकार द्वारा किए गए दावों पर आधारित थी। संगमा ने कहा कि सीमा मुद्दों का कोई सही समाधान नहीं है, लेकिन उनकी सरकार असम के साथ लंबे समय से लंबित सीमा विवाद को हल करने के लिए सबसे अच्छा समाधान खोजने की कोशिश कर रही है।
तस्करों के खिलाफ की जा रही कड़ी कार्रवाई
नशीले पदार्थों के खतरे के मुद्दे पर संगमा ने कहा कि सरकार ने मामले को बहुत गंभीरता से लिया है और पिछले कुछ वर्षों में 726 मामले दर्ज किए गए हैं और 1,000 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है। मुख्यमंत्री ने विधानसभा को यह भी बताया कि मेघालय में कोयले के अवैध परिवहन के खिलाफ 1,701 और अवैध कोयला खनन के खिलाफ 200 से अधिक मामले दर्ज किए गए हैं।