Manipur Violence: राज्य के डीजीपी बोले- दंगाई लूटे गए हथियार लौटाएं, नहीं तो होगी कड़ी कार्रवाई
Manipur Violence: पुलिस महानिदेश पी. थाउंगेल ने उपद्रवियों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि उनके पासपोर्ट रद्द हो सकते हैं, उनके ड्राइविंग लाइसेंस रद्द किए जा सकते हैं। यहां तक कि उनके सभी सरकारी दस्तावेज रद्द किए जा सकते हैं, ताकि फिर उनको भविष्य में कोई सरकारी नौकरी नहीं मिल सके...
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हिंसाग्रस्त मणिपुर के पुलिस महानिदेशक ने उन उपद्रवियों को कड़ी चेतावनी दी है, जिन्होंने हिंसा के दौरान सुनियोजित ढंग से हथियार लूट लिए थे। पुलिस महानिदेश पी. थाउंगेल ने उपद्रवियों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि सभी सरकारी हथियार और गोला-बारूद कुछ दिनों में लौटा दें। अगर समय पर हथियार नहीं लौटाए तो हथियार लूटने वालों के साथ-साथ उनके परिवारों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सब कुछ सीसीटीवी कैमरे में कैद है और सभी की पहचान करना कोई मुश्किल काम नहीं है।
उन्होंने कहा, इसके तहत उनके पासपोर्ट रद्द हो सकते हैं, उनके ड्राइविंग लाइसेंस रद्द किए जा सकते हैं। यहां तक कि उनके सभी सरकारी दस्तावेज रद्द किए जा सकते हैं, ताकि फिर उनको भविष्य में कोई सरकारी नौकरी नहीं मिल सके। पुलिस महानिदेशक थाउंगेल ने कहा कि पिछले दिनों हिंसा में एक योजनाबद्ध तरीके से सरकारी हथियार लूट लिए गए थे। जांच में सब कुछ सामने आ गया है। सीसीटीवी में सब कुछ दिखाई दे रहा है। कोई भी बच नहीं सकता। उन्होंने कहा, वे अपील करते हैं कि तुरंत हथियार लौटा दें।
उन्होंने कहा कि कुछ लोगों ने हथियार लौटाए भी हैं, साथ ही यह भी कहा कि सभी हथियार एक जगह रख कर पुलिस को फोन कर दें। वे किसी की पहचान उजागर नहीं करेंगे। अगर ऐसा नहीं किया गया तो विद्रोहियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए उनके परिजनों को भी दोषी माना जाएगा। उन्होंने कहा, आगामी दिनों में जब हालात सामान्य हो जाएगे, तो इसकी जांच के लिए एसआईटी का भी गठन किया जाएगा। अगर जरूरत पड़ी तो राष्ट्रीय जांच एजेंसी से भी जांच कराई जाएगी। उन्होंने लोगों से कर्फ्यू के दौरान घरों में ही रहने की अपील की।