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प्रभाकरण जिंदा है: तमिल नेता ने LTTE प्रमुख के बारे में किया चौंकाने वाला खुलासा,श्रीलंका ने किया खारिज

Mon, 13 Feb 2023 08:26 PM IST
प्रांजुल श्रीवास्तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: प्रांजुल श्रीवास्तव Updated Mon, 13 Feb 2023 08:26 PM IST
सार

वर्ल्ड तमिल फेडरेशन के अध्यक्ष पाझा नेदुमारन ने कहा है कि मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि हमारे तमिल राष्ट्रीय नेता प्रभाकरण जिंदा हैं और वह ठीक हैं।

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LTTE leader Prabhakaran alive, said P Nedumaran News and updates
लिट्टे प्रमुख प्रभाकरण - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

लिब्रेशन टाइगर्स ऑफ तमिल इलम(LTTE) प्रमुख वेलुपिल्लई प्रभाकरण के बारे में तमिल नेता ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। वर्ल्ड तमिल फेडरेशन के अध्यक्ष पाझा नेदुमारन ने कहा है कि मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि हमारे तमिल राष्ट्रीय नेता प्रभाकरण जिंदा हैं और वह ठीक हैं। उन्होंने कहा, जल्द ही, सही समय आने पर प्रभाकरण दुनिया के सामने आएंगे। 

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नेदुमारन ने कहा, मुझे उम्मीद है कि इस खबर से उन अटकलों पर विराम लगेगा, जो लिट्टे प्रमुख के बारे में फैलाई गई हैं। आगे कहा, आपको बता दें कि वह जल्द ही तमिल जाति की मुक्ति के लिए एक योजना की घोषणा करने वाले हैं। दुनिया के सभी तमिल लोगों को मिलकर उनका समर्थन करना चाहिए। 

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  श्रीलंका के रक्षा मंत्रालय ने किया दावा खारिज
वहीं, लिट्टे प्रमुख वेलुपिल्लई प्रभाकरन के जिंदा होने के दावे पर श्रीलंका के रक्षा मंत्रालय ने प्रतिक्रिया दी है। श्रीलंका ने वर्ल्ड तमिल फेडरेशन के अध्यक्ष पाझा नेदुमारन के दावे को 'मजाक' बताते हुए खारिज कर दिया। श्रीलंका के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता कर्नल नलिन हेराथ ने कहा कि 'इस बात की पुष्टि हो गई है कि वह 19 मई 2009 को मारा गया था। डीएनए ने इसे साबित कर दिया है।'

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2009 में मौत के घाट उतारा गया था प्रभाकरण 
21 मई 2009 को लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम (एलटीटीई या लिट्टे) के संस्थापक वेलुपिल्लई प्रभाकरण को श्रीलंका की सेना ने मौत के घाट उतार दिया था। इसी के साथ श्रीलंका का जाफना क्षेत्र लिट्टे के आतंक से आजाद हो गया था। प्रभाकरण के मारे जाने के बाद लिट्टे ने हार मान ली थी और द्वीप राष्ट्र में लगभग तीन दशक के क्रूर गृहयुद्ध की समाप्ति हो गई थी। 
 

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