Madhabi Puri Buch: लोकपाल ने सेबी प्रमुख से मांगा जवाब, 'पद के दुरुपयोग' और 'हितों के टकराव' का आरोप
Madhabi Puri Buch: लोकपाल ने शुक्रवार को सेबी प्रमुख माधबी पुरी बुच से उन पर लगे आरोपों पर जवाब मांगा है। आरोप हैं कि बुच ने अपनी स्थिति का दुरुपयोग किया और उनके निजी हितों और सेबी के कामों के बीच टकराव था।
विस्तार
लोकपाल ने शुक्रवार को सेबी प्रमुख माधबी पुरी बुच से उन पर लगे आरोपों पर जवाब मांगा है। आरोप हैं कि बुच ने अपनी स्थिति का दुरुपयोग किया और उनके निजी हितों और सेबी के कामों के बीच टकराव था। हिंडनबर्ग रिसर्च की रिपोर्ट के आधार पर एक लोकसभा सदस्य और दो अन्य ने बुच के खिलाफ शिकायतें दर्ज कराई हैं। जिस पर लोकपाल ने बुच से स्पष्टीकरण मांगा है। एक आधिकारिक आदेश में यह जानकारी दी गई।
हालांकि, लोकपाल ने यह भी स्पष्ट किया कि यह आदेश केवल एक प्रक्रिया का हिस्सा है और इसका मकसद किसी भी मामले पर राय व्यक्त करना नहीं है। लोकपाल ने माधबी पुरी बुच को चार हफ्ते के भीतर अपना जवाब दाखिल करने को कहा है। आदेश में यह भी कहा गया है कि शिकायतों में लगाए गए आरोपों के संबंध में बुच को जवाब देने का मौका दिया गया है, ताकि यह तय किया जा सके कि आरोपों की प्राथमिक जांच की जाए या नहीं। वह एक साथ तीनों शिकायतों का जवाब दे सकती हैं, ताकि पुनरावृत्ति न हो।
लोकपाल अध्यक्ष जस्टिस ए.एम. खानविलकर और अन्य न्यायिक सदस्य जस्टिस एल. नारायण स्वामी, जस्टिस संजय यादव, जस्टिस ऋतु राज अवस्थी और सदस्य सुशील चंद्र व अजय तिर्की ने यह आदेश जारी किया है। आदेश में लिखा है, हम इसे उचित मानते हैं कि उन आरोपों के बारे में स्पष्टीकरण देने के लिए संबंधित सार्वजनिक कर्मचारी को बुलाया जाए, जो उनके खिलाफ शिकायतों में लगाए गए हैं। इसमें आगे कहा गया है, इससे पहले कि पीठ यह तय करे कि आरोपों की जांच करने की जरूरत है या नहीं, संबंधित सार्वजनिक अधिकारी को यह मौका लोकपाल अधिनियम की धारा 20 की उप धारा (1) के तहत दिया जा रहा है।
हिंडनबर्ग रिसर्च ने अपनी रिपोर्ट में आरोप लगाया था कि माधबी पुरी बुच और उनके पति ने कुछ विदेशी फंड्स में हिस्सेदारी रखी थी, जो कथित रूप से अदाणी समूह के खिलाफ चल रही धनशोधन की जांच से जुड़े थे। हालांकि, बुच और उनके पति ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा था कि हिंडनबर्ग ने उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुचाने के लिए यह हमले किए हैं। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की सांसद महुआ मोइत्रा ने 13 सितंबर को इस मामले में लोकपाल के पास शिकायत दर्ज कराई थी और मांग की थी कि इस मामले की प्रारंभिक जांच के लिए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) या केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो को भेजा जाएगा।
संबंधित वीडियो-
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.