फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Karnataka power tussle, MLA donot agree with Kumaraswamy ministry`s distribution

कर्नाटक का कलह: बाहर आने लगा कांग्रेसी विधायकों का असंतोष, विभागों को लेकर आपसी खींचतान

Sat, 09 Jun 2018 01:32 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू Updated Sat, 09 Jun 2018 01:32 PM IST
विज्ञापन
Karnataka power tussle, MLA donot agree with Kumaraswamy ministry`s distribution

कर्नाटक में कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन सरकार के बीच विभागों का बंटवारा अभी भी सिर का दर्द बना हुआ। इससे पहले कांग्रेस-जेडीएस के बीच वित्त और गृह विभाग को लेकर समझौता हुआ था लेकिन उसके बाद से बाकी विभागों में आपसी समझौते के पेंच फंसे ही हुए हैं। भारी खींचतान के बाद शुक्रवार रात मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी ने मंत्रियों के बीच विभागों का बंटवारा किया तो विधायकों का गुस्सा फूट पड़ा। वहीं दूसरी तरफ सिद्धारमैया इस खींचतान से दूर हैं और चुपचाप सरकार पर गहराए इस संकट को देख रहे हैं। 

विज्ञापन


बता दें कि मुख्यमंत्री ने अहम वित्त विभाग अपने पास रखा है जबकि गृह विभाग उपमुख्यमंत्री जी परमेश्वर को दिया है, जो कांग्रेस के नेता हैं। कुमारस्वामी ने ऊर्जा विभाग भी अपने पास रखा है। इस विभाग को लेकर दोनों दलों कांग्रेस और जेडीएस के बीच पहले से विवाद था। लेकिन बावजूद इसके कुमारस्वामी की मुश्किलें कम नहीं हो रही हैं। कांग्रेस के नाराज विधायक अपने लिए नए ठिकाने की तलाश में हैं और कुछ के बारे में कहा जा रहा है कि वे भाजपा से जुड़ सकते हैं।
विज्ञापन

 
याद दिला दें कि कुमारस्वामी ने 23 मई को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी और 25 मई को विधानसभा में उन्होंने बहुमत साबित किया था। मुख्यमंत्री और कई प्रदेश कांग्रेस नेताओं ने इन विधायकों से मुलाकात की लेकिन फिलहाल वे पीछे हटने की मूड में नहीं जान पड़ते हैं। इसके बाद कुमारस्वामी ने कांग्रेस आलाकमान से तत्काल कदम उठाने और स्थिति का समाधान करने का आह्वान किया है। उधर कांग्रेस समर्थक/कार्यकर्ता विभाग बंटवारे को लेकर कांग्रेस के पक्ष में विरोध कर रहे हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन




 

कुमारस्वामी ने की नाराज कांग्रेसी नेताओं से मुलाकात

Karnataka power tussle, MLA donot agree with Kumaraswamy ministry`s distribution
गठबंधन को व्यवस्थित रखने का प्रयास करते हुए मुख्यमंत्री ने राज्य के प्रमुख कांग्रेस नेता एमबी पाटिल से मुलाकात की जो बागी विधायकों के नेता के रूप में उभरे हैं। इस मुलाकात के बाद कुमारस्वामी ने संवाददाताओं से कहा कि वैसे तो यह मुद्दा सीधे उनसे जुड़ा नहीं है लेकिन वह सरकार के स्थायित्व के लिए कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन के नेता के तौर पर विधायकों को समझाने-बुझाने गये थे।

उन्होंने कहा, ‘यह एक ऐसा मुद्दा है जिसका संबंध मुझसे नहीं है क्योंकि ये कांग्रेस पार्टी के अंदर किए गए निर्णय हैं, मैंने उनका (पाटिल का) यह दर्द समझा है कि जरूरत के समय उन्होंने कांग्रेस पार्टी के लिए काम किया लेकिन अब वह निराश महसूस करते हैं.' उन्होंने कहा, ‘मैंने उनकी भावनाएं समझीं, मैं दिल्ली के (कांग्रेस नेताओं) से समाधान ढूंढने के लिए तत्काल कार्रवाई करने का अनुरोध करता हूं।' 

कुमारस्वामी के इस दौरे से पहले उपमुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जी परमेश्वर, मंत्री डीके शिवकुमार, केजे जार्ज और आरवी देशपांड ने पाटिल को समझाने बुझाने के लिए उनसे उनके निवास पर मुलाकात की थी। कांग्रेस सूत्रों के अनुसार पाटिल घटनाक्रम पर आलाकमान से चर्चा करने के लिए दिल्ली आएंगे। एमटीबी नागराज, सतीश जारकिहोली, सुधाकर और रोशन बेग समेत असंतुष्ट नेताओं के एक समूह ने शुक्रवार को पाटिल के निवास पर बैठक की थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed