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कर्नाटक चुनाव: 50 वर्षों में पुरुष विधायकों का रहा वर्चस्व, इस बार 8% महिला उम्मीदवार मैदान में
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू
Updated Sat, 12 May 2018 12:50 PM IST
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कर्नाटक चुनाव
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आज कर्नाटक पर किसका शासन होगा इसका फैसला करने के लिए मतदाता अपने घर से निकल रहे हैं। राज्य में भाजपा, कांग्रेस, जेडी(एस) के बीच कड़ा मुकाबला है। तीनों ही अपनी सरकार बनाने का दावा कर रहे हैं। चुनाव के नतीजे 15 मई को आ जाएंगे, जिससे इस बात का एक मोटा अनुमान लग जाएगा कि जनता का रुख किस पार्टी की तरफ है। पिछले पचास सालों में 95 प्रतिशत विधायक पुरुष ही बने हैं।
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साल 2018 में पहली बार 8 प्रतिशत यानी 209 महिलाएं चुनाव लड़ रही हैं। साल 2013 में 175 महिलाओं ने अपनी किस्मत को आजमाया था। 1967 के चुनाव के बाद राज्य में हर बार 95 प्रतिशत से ज्यादा पुरुष ही विधायक चुने गए हैं। भाजपा ने बीएस येदियुरप्पा, कांग्रेस ने सिद्धारमैया और जेडीएस ने कुमारस्वामी को मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार बनाया है। मगर उससे पहले मतदान खत्म होने के बाद एक्जिट पोल जारी होंगे। अब हम आपको बताते हैं राज्य का चुनाव गणित।
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1. कर्नाटक में 4.96 करोड़ मतदाता हैं जिसमें से 2.44 करोड़ महिलाएं शामिल हैं। इस संख्या में 15.42 लाख मतदाता 18 से 19 साल के बीच में हैं जो पहली बार अपने मताधिकार का प्रयोग करने वाले हैं। यह संख्या कुल मतदाताओं का 3.1 प्रतिशत है।
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2. राज्य की 224 सीटों के लिए 2,654 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। इसमें से दो सीटों जयनगर और आरआर नगर में फिलहाल चुनाव नहीं हो रहे हैं। राजराजेश्वरी नगर में जहां एक उम्मीदवार के निधन के बाद चुनाव टाल दिया गया वहीं राजराजेश्वरी में फर्जी वोटर आईडी कार्ड मिलने के बाद वहां चुनाव रद्द कर दिया गया है।
3. कर्नाटक चुनाव के लिए भाजपा ने सबसे ज्यादा 223 सीटों पर अपने उम्मीदवार मैदान में उतारे हैं। वहीं कांग्रेस के 222 उम्मीदवार और जनता दल सेक्युलर के 201 सीटों पर उम्मीदवार मैदान में खड़े हैं।
4. 224 विधानसभा सीटों में से 36 सीटें अनुसूचित जाति और 15 सीटें अनुसूचित जनजाति श्रेणी के लिए आरक्षित हैं।
5. 225 सदस्यीय विधानसभा में किसी भी पार्टी को बहुमत का आंकड़ा छूने के लिए 112 सीटों की जरूरत होती है। 224 सीटों पर चुनाव होते हैं वहीं 1 सीट का फैसला राज्यपाल के पास होता है। जो एंग्लो-इंडियन समुदाय से किसी सदस्य का चुनाव करते हैं।
6. 2,564 प्रत्याशियों का विश्लेषण करने पर 883 (34 प्रतिशत) करोड़पति उम्मीदवार मिले हैं। कांग्रेस के 207 (94 प्रतिशत) करोड़पति उम्मीदवार और बीजेपी के 208 (93 प्रतिशत) करोड़पति उम्मीदवार चुनाव में खड़े हैं। वहीं जेडीयू के 77 प्रतिशत उम्मीदवार करोड़पति हैं।
7. 2,564 में से 645 प्रत्याशी (24 प्रतिशत) ऐसे हैं जिनपर आपराधिक मुकदमे चल रहे हैं। इसके अलावा 25 प्रतिशत विधानसभाओं को रेड अलर्ट घोषित किया गया है क्योंकि यहां से दो-तीन से ज्यादा प्रत्याशियों पर आपराधिक मुकदमे चल रहे हैं।
8. कर्नाटक चुनाव में सबसे छोटी विधानसभा दसरहल्ली सीट है जहां सिर्फ 2.3 लाख पुरुष और 2 लाख महिला मतदाता हैं। यहां से पी.एन. कृष्णामूर्ति कांग्रेस से, आर. मंजुनाथ जेडीएस से और एस मुनिराजु बीजेपी की तरफ से मैदान में हैं।
9. कर्नाटक की सबसे बड़ी विधानसभा हलियाल सीट है। यहां कांग्रेस से आरवी देशपांडे, जेडीएस से केआर रमेश और भाजपा की तरफ से सुनील वी हेगड़े चुनाव लड़ रहे हैं।
10. 2013 में विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को जनता ने पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता की कमान सौंपी थी। उस साल कांग्रेस ने 122 सीटों पर कब्जा किया था। वहीं भाजपा और जेडीएस के हिस्से 40-40 सीटें आई थीं। पिछले विधानसभा चुनाव में 71.29 प्रतिशत मतदान हुआ था।