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सीमा पर तैनात जवानों को मिलेंगी खादी की दरियां, आईटीबीपी ने किया एमओयू
Wed, 06 Jan 2021 09:27 PM IST
सुरेंद्र जोशी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: सुरेंद्र जोशी
Updated Wed, 06 Jan 2021 09:27 PM IST
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ITBP at Pangong Tso
- फोटो : PTI (File Photo)
खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग लद्दाख व देश की अन्य सीमाओं पर तैनात आईटीबीपी के जवानों के लिए खादी की दरियों की आपूर्ति करेगा। बुधवार को एक कार्यक्रम में आयोग व आईटीबीपी के अधिकारियों ने एक एमओयू पर दस्तखत किए।
इंडो-तिब्बत बाॅर्डर पुलिस ने खादी व ग्रामोद्योग आयोग के साथ 1 लाख 71 हजार 520 खादी की दरियों की सप्लाई के एमओयू किया है। इस मौके पर आयोग के चेयरमैन विनय कुमार सक्सेना ने ट्वीट कर कहा, ‘जब लद्दाख सीमा व अन्य अग्रिम मोर्चों पर तैनात जवान इन दरियों का इस्तेमाल करेंगे तो यह खादी का सम्मान होगा।‘
उल्लेखनीय है कि बीएसएसएफ, सीआरपीएफ, आईटीबीपी, एसएसबी और सीआईएसएफ जैसे केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) देश की आंतरिक सुरक्षा में कई जिम्मेदारियां निभाते हैं। आईटीबीपी चीन की सीमा से लगते 3,448 किलोमीटर लंबे पर्वतीय क्षेत्र में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर सुरक्षा में तैनात है। आईटीबीपी अद्धर्सैनिक बलों के लिए कुछ सामान की खरीदारी करने वाली मुख्य एजेंसी है।
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आईटीबीपी के प्रवक्ता ने बताया, ‘भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) विभिन्न केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के लिए खादी ग्रामोद्योग (केवीआईसी) से 8.73 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की खादी की दरियां खरीदेगी।’ उन्होंने बताया कि बुधवार को गृह मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव विवेक भारद्वाज, आईटीबीपी के महानिरीक्षक आनंद स्वरूप और खादी ग्रामोद्योग बोर्ड के उप कार्यकारी अधिकारी वीके नागर ने समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किया।
पिछले साल जुलाई में आईटीबीपी ने सीएपीएफ के लिए सरसों की तेल की खरीद के लिए इसी तरह का समझौता केवीआईसी से किया था। इस पर 1.73 करोड़ रुपये से अधिक की लागत आई थी। गृह मंत्री अमित शाह ने पिछले साल जून में घोषणा की थी कि सीएपीएफ की कैंटीन में सिर्फ ‘स्वदेशी’ या स्वदेश निर्मित उत्पादों की ब्रिकी शुरू होगी।
प्रवक्ता ने बताया, ‘सीएपीएफ के सभी अस्पतालों के लिए केवीआईसी से चादर और तकिए के खोल खरीदने की प्रक्रिया पर भी काम चल रहा है। इसी वित्तीय वर्ष में प्रक्रिया पूरी होने की संभावना है। इन बलों में स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए केवीआईसी से ऐसे और सामान खरीदे जाएंगे।’
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इंडो-तिब्बत बाॅर्डर पुलिस ने खादी व ग्रामोद्योग आयोग के साथ 1 लाख 71 हजार 520 खादी की दरियों की सप्लाई के एमओयू किया है। इस मौके पर आयोग के चेयरमैन विनय कुमार सक्सेना ने ट्वीट कर कहा, ‘जब लद्दाख सीमा व अन्य अग्रिम मोर्चों पर तैनात जवान इन दरियों का इस्तेमाल करेंगे तो यह खादी का सम्मान होगा।‘
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उल्लेखनीय है कि बीएसएसएफ, सीआरपीएफ, आईटीबीपी, एसएसबी और सीआईएसएफ जैसे केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) देश की आंतरिक सुरक्षा में कई जिम्मेदारियां निभाते हैं। आईटीबीपी चीन की सीमा से लगते 3,448 किलोमीटर लंबे पर्वतीय क्षेत्र में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर सुरक्षा में तैनात है। आईटीबीपी अद्धर्सैनिक बलों के लिए कुछ सामान की खरीदारी करने वाली मुख्य एजेंसी है।
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आईटीबीपी के प्रवक्ता ने बताया, ‘भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) विभिन्न केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के लिए खादी ग्रामोद्योग (केवीआईसी) से 8.73 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की खादी की दरियां खरीदेगी।’ उन्होंने बताया कि बुधवार को गृह मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव विवेक भारद्वाज, आईटीबीपी के महानिरीक्षक आनंद स्वरूप और खादी ग्रामोद्योग बोर्ड के उप कार्यकारी अधिकारी वीके नागर ने समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किया।
पिछले साल जुलाई में आईटीबीपी ने सीएपीएफ के लिए सरसों की तेल की खरीद के लिए इसी तरह का समझौता केवीआईसी से किया था। इस पर 1.73 करोड़ रुपये से अधिक की लागत आई थी। गृह मंत्री अमित शाह ने पिछले साल जून में घोषणा की थी कि सीएपीएफ की कैंटीन में सिर्फ ‘स्वदेशी’ या स्वदेश निर्मित उत्पादों की ब्रिकी शुरू होगी।
प्रवक्ता ने बताया, ‘सीएपीएफ के सभी अस्पतालों के लिए केवीआईसी से चादर और तकिए के खोल खरीदने की प्रक्रिया पर भी काम चल रहा है। इसी वित्तीय वर्ष में प्रक्रिया पूरी होने की संभावना है। इन बलों में स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए केवीआईसी से ऐसे और सामान खरीदे जाएंगे।’
When durries, which we will be supplying to you and jawans deployed in Ladakh and other forward areas, will use it, it will be an honour for Khadi: Chairman KVIC https://t.co/NPf1RrRMHM
— ANI (@ANI) January 6, 2021