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Chandrayaan-3: रोवर के सभी पेलोड सामान्य रूप से कर रहे काम, इसरो ने कहा- चंद्र सतह पर वैज्ञानिक प्रयोग जारी
Sat, 26 Aug 2023 09:37 PM IST
Jeet Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बेंगलुरु
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बेंगलुरु
Published by: Jeet Kumar
Updated Sat, 26 Aug 2023 09:37 PM IST
सार
इसरो ने शनिवार को कहा कि चंद्रयान-3 मिशन के तीन में से दो उद्देश्य हासिल कर लिए गए हैं, जबकि तीसरे उद्देश्य के तहत वैज्ञानिक प्रयोग जारी हैं।
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विक्रम लैंडर
- फोटो : isro
विस्तार
चंद्रयान-3 ने सफलतापूर्वक चंद्रमा की सतह पर लैंडिंग की, इसी के साथ भारत ने इतिहास रच दिया। भारत चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर पहुंचने वाला पहला देश है। वहीं जिस उद्देश्य के लिए यह मिशन भेजा गया था वह भी अब पूरे हो रहे हैं। इसरो ने शनिवार को कहा कि चंद्रयान-3 मिशन के तीन में से दो उद्देश्य हासिल कर लिए गए हैं, जबकि तीसरे उद्देश्य के तहत वैज्ञानिक प्रयोग जारी हैं।
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इसरो ने बताया कि चंद्रयान-3 मिशन के सभी पेलोड सामान्य रूप से काम कर रहे हैं। एक्स (ट्विटर) पर एजेंसी ने कहा कि चंद्रयान-3 मिशन के तीन उद्देश्यों में से, चंद्रमा की सतह पर सुरक्षित और सॉफ्ट लैंडिंग का प्रदर्शन पूरा हो गया है। चंद्रमा पर रोवर के घूमने का लक्ष्य हासिल कर लिया गया है। तीसरे उद्देश्य के तहत वैज्ञानिक प्रयोग जारी हैं। सभी पेलोड सामान्य रूप से कार्य कर रहे हैं।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को दक्षिण अफ्रीका से सीधे बेंगलुरु इसरो मुख्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने घोषिणा की चंद्रयान-3 की ‘सॉफ्ट लैंडिंग’ की तारीख 23 अगस्त के दिन को अब राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस के रूप में मनाया जाएगा और जिस जगह पर इस यान का लैंडर विक्रम उतरा, उस जगह को अब ‘शिवशक्ति’ प्वाइंट के रूप में जाना जाएगा।
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उन्होंने यह घोषणा भी की कि 2019 में चंद्रयान-2 ने जिस जगह पर अपने पदचिह्न छोड़े थे, चंद्रमा की उस जगह को अब तिरंगा प्वाइंट के रूप में जाना जाएगा।