कहीं इन ऐप को डाउनलोड कर ISI के शिकार न हो जाएं आप
- पाक का भारत के खिलाफ नया हथकंडा
- गेम और म्यूजिक ऐप के जरिए वायरस भेज रही पाक की खुफिया एजेंसी
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पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई भारत के खिलाफ हमेशा नए-नए हथकंडे अपनाती रहती है। अब वह मोबाइल गेम और म्यूजिक के जरिए हमारी सुरक्षा एजेंसियों की जासूसी कर रही है। खुद भारत सरकार ने मंगलवार को संसद में इसकी जानकारी दी है।
सरकार के मुताबिक, आईएसआई जिन ऐप का इस्तेमाल कर रही है, वे हैं टॉप गन (गेम ऐप), एमपीजंकी (म्यूजिक ऐप), वीडीजंकी (वीडियो ऐप) और टॉकिंग फ्रॉग (मनोरंजन ऐप) हैं।लोकसभा में एक सवाल के जवाब में गृह राज्य मंत्री हरीभाई पारथीभाई चौधरी ने कहा कि पाक की खुफिया एजेंसी पूर्व सैनिकों को नौकरी और पैसे का लालच देकर उन्हें सुरक्षाबलों की जासूसी करने के लिए अपने जाल में फंसा रही है।
मंत्री ने बताया, ‘ऐसी रिपोर्टें हैं कि पाक की खुफिया एजेंसी गेम और म्यूजिक ऐप के जरिए वायरस भेजकर भारतीय सुरक्षा एजेंसियों की जासूसी या निगरानी कर रही है।’ उन्होंने बताया कि 2013 से 2016 के बीच आईएसआई के लिए जासूसी करने के आरोप में सात पूर्व सैनिकों को गिरफ्तार किया गया था।
सुरक्षाबलों को किया अलर्ट
मंत्री के मुताबिक, भारतीय सुरक्षा बलों को पाक आईएसआई की इस नई हरकत से अवगत करा दिया गया है। उन्हें स्मार्टफोन में ऐसे किसी संदिग्ध ऐप से बचने की सलाह भी दी गई है।
इसके अलावा सरकार ने कंप्यूटर सुरक्षा नीति और गाइडलाइन के बारे में अपने सभी मंत्रालयों और विभागों को दिशानिर्देश जारी किया है ताकि ऐसे किसी साइबर हमले की पहचान, उससे बचाव और उसे विफल करने के लिए उचित कदम उठाया जा सके। इसके तहत सभी कर्मचारियों और अधिकारियों को सतर्क रहने को कहा गया है।
सीसीटीवी और बॉयोमीट्रिक और इलेक्ट्रॉनिक निगरानी के उपाय भी करने को कहा गया है। इसके अलावा साइबर हमलों और साइबर आतंकवाद से निपटने के लिए आपातकालीन कदम उठाने को तैयार रहने को भी कहा गया है।