विदेश मंत्रालय की प्रेसवार्ता: दुनिया को वैक्सीन तो सीरिया को चावल, विश्व समुदाय की भारत ने की मदद
भारत ने कोरोना महामारी के दौर में भी विश्व के अन्य देशों के प्रति हमेशा की तरह मदद का हाथ बढ़ाया है। अब तक विश्व समुदाय के लिए 229.7 लाख यानी सवा दो करोड़ से ज्यादा कोरोना टीकों की खुराक की आपूर्ति की जा चुकी है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि टीकों की 64.7 लाख डोज अनुदान के तौर पर मुहैया कराए गए हैं, जबकि 165 लाख डोज व्यावसायिक आधार पर दिए गए। उन्होंने बताया कि आने वाले सप्ताहों में हम अफ्रीका, लैटिन अमेरिका व प्रशांत महाद्वीप के अन्य देशों को भी कोरोना के टीके प्रदान कराएंगे।
इसके साथ ही मंत्रालय ने बताया कि सीरिया की सरकार के अनुरोध के जवाब में भारत सरकार सीरिया को उसकी खाद्य सुरक्षा मजबूत करने के लिए 2000 मीट्रिक टन चावल देने जा रही है। 1000 मीट्रिक टन चावल की पहली खेप सीरिया को भारतीय राजदूत द्वारा दी जा चुकी है। बचा चावल 18 फरवरी तक सीरिया के पास पहुंचने की उम्मीद है।
We have supplied a total of 229.7 lakh doses to the global community. Of these, 64.7 lakh doses have been supplied as a grant while 165 lakh doses have been supplied on a commercial basis: Anurag Srivastava, MEA Spokesperson #COVID19 pic.twitter.com/tcff4WPyE0
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) February 12, 2021
सेना हटाने के 48 घंटे में होगी कमांडर स्तरीय वार्ता
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने बताया कि भारत-चीन कमांडर स्तर की वार्ता के 10 वें दौर के लिए भी राजी हो गए हैं। यह वार्ता पूर्वी लद्दाख की पैंगोंग झील इलाके से सेना हटाने के 48 घंटे के अंदर होगी। इसमें बकाया मुद्दों पर चर्चा होगी।
The two (India & China) sides have also agreed to convene 10th round of senior commanders meeting within 48 hours after complete disengagement in the Pangong lake area, to address the remaining issues. No date has been set so far for the WMCC: Anurag Srivastava, MEA Spokesperson
— ANI (@ANI) February 12, 2021
किसान आंदोलन पर कनाडा के ट्रूडो ने संवाद के मार्ग को सराहा
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कृषि कानूनों के विरोध को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि कनाडा के पीएम ट्रूडो ने लोकतांत्रिक रूप से संवाद के मार्ग को चुनने के लिए भारत सरकार के प्रयासों की सराहना की है। उन्होंने कनाडा में भारतीय राजनयिक कर्मियों और परिसर को संरक्षण प्रदान करने में अपने सरकार की जिम्मेदारी को भी स्वीकार किया है।
तहव्वुर राणा के प्रत्यर्पण पर नजर
अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि मुंबई आतंकी हमले के आरोपी तहव्वुर राणा के अमेरिका से प्रत्यर्पण पर सरकार कड़ी नजर रख हुए है। हम जल्द से जल्द उसके प्रत्यर्पण के लिए प्रयास कर रहे हैं। इसे लेकर कोर्ट में सुनवाई 22 अप्रैल, 2021 को शुरू होगी।
बता दें, बीते दिनों राणा के वकील ने अमेरिकी अदालत में कहा था कि इस बात का कोई संकेत नहीं है कि भारत ने हमलों के एक अन्य आरोपी डेविड कोलमैन हेडली के प्रत्यर्पण का अनुरोध करना बंद कर दिया है। राणा (69) हेडली के बचपन का मित्र है और भारत ने 2008 के मुंबई हमलों में उसकी संलिप्तता के कारण उसके प्रत्यर्पण का अनुरोध किया है। मुंबई आतंकी हमले में छह अमेरिकियों समेत 166 लोगों की मौत हो गई थी। राणा को भारत में भगौड़ा घोषित किया जा चुका है जबकि वह खुद को भारत प्रत्यर्पित करने का विरोध कर रहा है।