Defence: आकाश प्राइम एयर डिफेंस सिस्टम का सफल परीक्षण, ऑपरेशन सिंदूर में चीन-PAK के हथियारों को चटाई थी धूल
Defence: भारतीय सेना ने लद्दाख में 15,000 फीट ऊंचाई पर स्वदेशी आकाश प्राइम एयर डिफेंस सिस्टम का सफल परीक्षण किया है। यह प्रणाली 'ऑपरेशन सिंदूर' में पाकिस्तान के ड्रोन और हवाई हमलों को रोकने में कारगर साबित हुई है। आकाश प्राइम अब सेना की वायु सुरक्षा की तीसरी और चौथी रेजिमेंट का हिस्सा बनेगा, जो कई दिशाओं से आने वाले लक्ष्यों को निशाना बनाने में सक्षम है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भारतीय सेना ने बुधवार को स्वदेशी रूप से विकसित किए गए आकाश प्राइम एयर डिफेंस सिस्टम का सफल परीक्षण किया। यह परीक्षण लद्दाख क्षेत्र में 15,000 फीट से अधिक की ऊंचाई पर किया गया। यह परीक्षण सेना ने रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में किया, जिन्होंने इस प्रणाली को विकसित किया है।
परीक्षण के दौरान सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइलों ने बहुत तेज गति से उड़ रहे हवाई लक्ष्यों पर सीधा प्रहार किया। यह परीक्षण बहुत अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्र में किया गया। आकाश प्राइम सिस्टम अब भारतीय सेना की हवाई सुरक्षा की तीसरी और चौथी यूनिट (रेजिमेंट) का हिस्सा बनेगा। इसका मतलब है कि अब यह नई प्रणाली सेना की और दो टुकड़ियों में शामिल की जाएगी ताकि दुश्मन के हवाई हमलों से और बेहतर तरीके से रक्षा की जा सके।
India has achieved a significant milestone by successfully destroying 2 Aerial High Speed Unmanned targets at high altitude in Ladakh Sector on 16th July by Akash Prime, which is the upgraded variant of Akash Weapon System for the Indian Army. pic.twitter.com/DjJAc5uzkk
— रक्षा मंत्री कार्यालय/ RMO India (@DefenceMinIndia) July 17, 2025
ये भी पढ़ें: पाकिस्तानी जासूस निकला सेना का जवान: पंजाब का रहने वाला... बारामूला से गिरफ्तार, आईएसआई को भेजी सेना की खुफिया जानकारी
संबंधित वीडियो-
ऑपरेशन सिंदूर के दौरान मददगार साबित हुआ आकाश एयर डिफेंस सिस्टम
रक्षा अधिकारियों के अनुसार, इस प्रणाली ने 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान भी बहुत अच्छा प्रदर्शन किया था। उस समय पाकिस्तान की सेना द्वारा चीनी विमानों और तुर्किये के ड्रोन से किए गए हवाई हमलों को इस प्रणाली ने सफलतापूर्वक नाकाम किया था। आकाश प्राइम सिस्टम भारत की रक्षा तकनीक में आत्मनिर्भर बनने की बड़ी कोशिश का हिस्सा है, खासकर हवाई सुरक्षा जैसे अहम क्षेत्र में। अधिकारियों ने बताया कि स्वदेशी रूप से विकसित आकाश सतह से हवा में मार करने वाला मिसाइल सिस्टम पाकिस्तान की तरफ से पश्चिमी सीमा और जम्मू-कश्मीर में नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर किए गए कई ड्रोन हमलों को रोकने में बहुत मददगार साबित हुआ है।
ये भी पढ़ें: पूर्वोत्तर भारत को मिली नई रफ्तार; मिजोरम पहुंची रेल लाइन, 26 वर्षों का सपना हुआ साकार
कई दिशाओं में लक्ष्यों को निशाना बना सकती है प्रणाली
स्वदेशी आकाश एयर डिफेंस सिस्टम एक मध्यम दूरी की सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल प्रणाली है, जिसे हवाई खतरों से सुरक्षा देने के लिए बनाया गया है। यह प्रणाली सैन्य टुकड़ियों और उनके ठिकानों की रक्षा कर सकती है। इसमें आधुनिक रियल-टाइम मल्टी-सेंसर डाटा प्रोसेसिंग और खतरे का मूल्यांकन करने की क्षमता है, जिससे यह एक ही समय में कई दिशाओं से आने वाले कई लक्ष्यों को पहचान कर उन पर हमला कर सकती है। भारतीय सेना और वायु सेना दोनों ने इस आकाश प्रणाली को पाकिस्तान सीमा के पास बड़े पैमाने पर तैनात किया है, जिससे भारत की वायु सुरक्षा प्रणाली और मजबूत हुई है।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.