{"_id":"5d90b3fd8ebc3e0168432004","slug":"indian-accused-of-murder-will-be-extradited-to-uk","type":"story","status":"publish","title_hn":"हत्या के आरोपी भारतीय को ब्रिटेन प्रत्यर्पित किया जाएगा, वकील ने कहा- बलि का बकरा बनाया जा रहा","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
हत्या के आरोपी भारतीय को ब्रिटेन प्रत्यर्पित किया जाएगा, वकील ने कहा- बलि का बकरा बनाया जा रहा
Sun, 29 Sep 2019 07:19 PM IST
Trainee Trainee
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Trainee Trainee
Updated Sun, 29 Sep 2019 07:19 PM IST
विज्ञापन
जेल(सांकेतिक)
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्रिटेन में 10 साल पहले दुष्कर्म और हत्या के आरोपी 34 वर्षीय भारतीय व्यक्ति को अक्तूबर के पहले हफ्ते में ब्रिटेन प्रत्यर्पित किया जाएगा। आरोपी ने अपने वकील के जरिए रविवार को कहा कि उसे बलि का बकरा बनाया जा रहा है क्योंकि वह गरीब परिवार से आता है।
अमन व्यास अभी यहां न्यायिक हिरासत में है और लंदन में उसपर मिशेल समरवीरा नाम की महिला की हत्या का मुकदमा चलेगा। मिशेल का शव 2009 में पूर्वी लंदन के वाल्थामस्टो में बच्चों के खेल के मैदान से मिला था। मीडिया में आई खबरों के मुताबिक हत्या से पहले उसका यौन शोषण हुआ था।
व्यास के वकील अमृत सिंह ने दावा किया कि इस बात के कोई साक्ष्य नहीं है जो आरोपी के किसी अपराध में शामिल होने का संकेत दें। उन्होंने कहा, मीडिया में यह गलत खबर दी गई कि व्यास भारत के एक अमीर कारोबारी का बेटा है। वह एक निजी स्कूल के सेवानिवृत्त शिक्षक का बेटा है जो बेहद गरीब हैं और उसकी मां गृहिणी है।
विज्ञापन
उसके माता-पिता उत्तर प्रदेश के मेरठ में बेहद साधारण स्थिति में रहते हैं और गरीबी के चलते वह बलि का बकरा बन गया क्योंकि भारत विजय माल्या को वापस लाना चाहता है। भारतीय अधिकारियों ने इस मामले को बेहद लापरवाही पूर्ण तरीके से देखा।
व्यास उस वक्त छात्र वीजा पर ब्रिटेन में था और तीन अन्य कथित यौन हमलों के सिलसिले में भी पूछताछ के लिए वह वांछित था। ये हमले मिशेल की हत्या से पहले पूर्वी लंदन में हुए थे। सिंह ने कहा कि 16 जुलाई 2010 को व्यास को लंदन पुलिस से अनापत्ति प्रमाण-पत्र मिला जिसकी उसे खुद के न्यूजीलैंड के विजिटर वीजा के लिए जरूरत थी।
विज्ञापन
अमन व्यास अभी यहां न्यायिक हिरासत में है और लंदन में उसपर मिशेल समरवीरा नाम की महिला की हत्या का मुकदमा चलेगा। मिशेल का शव 2009 में पूर्वी लंदन के वाल्थामस्टो में बच्चों के खेल के मैदान से मिला था। मीडिया में आई खबरों के मुताबिक हत्या से पहले उसका यौन शोषण हुआ था।
विज्ञापन
व्यास के वकील अमृत सिंह ने दावा किया कि इस बात के कोई साक्ष्य नहीं है जो आरोपी के किसी अपराध में शामिल होने का संकेत दें। उन्होंने कहा, मीडिया में यह गलत खबर दी गई कि व्यास भारत के एक अमीर कारोबारी का बेटा है। वह एक निजी स्कूल के सेवानिवृत्त शिक्षक का बेटा है जो बेहद गरीब हैं और उसकी मां गृहिणी है।
विज्ञापन
उसके माता-पिता उत्तर प्रदेश के मेरठ में बेहद साधारण स्थिति में रहते हैं और गरीबी के चलते वह बलि का बकरा बन गया क्योंकि भारत विजय माल्या को वापस लाना चाहता है। भारतीय अधिकारियों ने इस मामले को बेहद लापरवाही पूर्ण तरीके से देखा।
व्यास उस वक्त छात्र वीजा पर ब्रिटेन में था और तीन अन्य कथित यौन हमलों के सिलसिले में भी पूछताछ के लिए वह वांछित था। ये हमले मिशेल की हत्या से पहले पूर्वी लंदन में हुए थे। सिंह ने कहा कि 16 जुलाई 2010 को व्यास को लंदन पुलिस से अनापत्ति प्रमाण-पत्र मिला जिसकी उसे खुद के न्यूजीलैंड के विजिटर वीजा के लिए जरूरत थी।