फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   India's plans to buy strategic Russian weapons are in trouble

रूस से रक्षा उपकरण खरीदने की भारतीय योजना फिलहाल ठंडे बस्ते में

Thu, 02 Mar 2017 10:58 AM IST
amarujala.com- Presented by: जया पाण्डेय
amarujala.com- Presented by: जया पाण्डेय Updated Thu, 02 Mar 2017 10:58 AM IST
विज्ञापन
India's plans to buy strategic Russian weapons are in trouble

रूस से 5.5 बिलियन डॉलर के रक्षा उपकरण खरीदने का अनुबंध ठंडे बस्ते में जाता दिखाई पड़ रहा है क्योंकि रूसी कंपनी अमेरिका द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों के कारण भारतीय बैंकों से अपेक्षित गारंटी प्रस्तुत करने में असमर्थ है। 

विज्ञापन


जानकारों के मुताबिक इस वजह से भारत S-400 नाम के मिसाइल के खरीदने में भी अक्षम हो गया है जो भारत को पाकिस्तान और चीन के हवाई खतरे से बचाने के लिए सक्षम था।
विज्ञापन


भारत और रूस ने पिछले साल अक्टूबर में 4 प्रोजेक्ट्स की बिक्री के एक समझौते पर हस्ताक्षर किया था जिसमें से 2 भारत निर्मित थे। इस समझौते में भारत के लिए जहाज के बुनियादी ढांचे के निर्माण का प्रोजेक्ट भी शामिल था। इसके अलावा अमेरिका के प्रतिबंध के कारण P751 प्रोजक्ट भी अब खटाई में पड़ गया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


भारतीय नियमों के अनुसार रक्षा उपकरणों के सभी विदेशी विक्रेताओं को किसी भी प्रोजेक्ट में बोली लगाने से पहले नामित भारतीय बैंक के सामने गारंटी प्रस्तुत करना अनिवार्य होता है। 


रूस के यूनाइटेड शिपबोर्ड कॉरपोरेशन पर अमेरिका द्वारा प्रतिबंध पिछले साल बढ़ा दिया गया था जिसमें कंपनी के सारे संस्थाओं को शामिल करना जरूरी था। अब भारतीय बैंक इस स्थिति में उनकी गारंटी मंजूर करने में सक्षम नहीं हैं। अब ये स्थिति सभी सुलझ सकती है जब कोई भारतीय बैंक गारंटी के मामले में रूसी कंपनी को रियायत दे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed