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गृह मंत्रालय की रिपोर्ट से खुलासा, यूपी में बढ़े सांप्रदायिक हिंसा के मामले

Tue, 07 Feb 2017 07:36 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Tue, 07 Feb 2017 07:36 PM IST
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in 2016 rise in communal violence in uttar pradesh
क‌िरण र‌िज‌िजू

उत्तर प्रदेश में चल रहे चुनावी दंगल के बीच एक चौकाने वाली बात सामने आई है। एक रिपोर्ट में यह पता चला है कि उत्तर प्रदेश में 2016 में साम्प्रदायिक हिंसा के मामले बढ़े हैं। गृह राज्यमंत्री किरण रिजिजू ने लोकसभा में दिए लिखित बयान में कहा कि उत्तरप्रदेश में वर्ष 2016 में  2015 के मुकाबले साम्प्रदायिक हिंसा के मामलों में बढ़ोत्तरी हुई है।

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बयान में रिजिजू ने बताया कि 2015 में उत्तर प्रदेश में साम्प्रदायिक हिंसा के मामले 155 थे जबकि 2016 में इन मामलों की संख्या बढ़कर 162 हो गई। 
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रिपोर्ट में बताया गया है कि देश में पिछले साल के तुलना में 2016 में साम्प्रदायिक हिंसा के मामलों में कमी आई है। हालांकि यह सभी मामले सीधे तौर पर राजनीति से जुड़े हुए नहीं हैं। मणिपुर और पंजाब में भी साम्प्रदायिक हिंसा के मामलों में बढ़ोत्तरी देखने को मिली है। मणिपुर में पिछले साल सात मामले सामने आए हैं। इससे पहले मणिपुर में इस प्रकार के एक भी मामले नहीं थे। 
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दुसरी ओर पंजाब में एक मामला सामने आया है। 2014 और 2015 में पंजाब से इस प्रकार की हिंसा का कोई मामला सामने नहीं आया था। गोवा और उत्तराखंड में भी कोई मामला दर्ज नहीं किया गया है। 

 2015 में देशभर में साम्प्रदायिक हिंसा के 751 मामले सामने आए थे। जिसमें 97 लोगों की मौत हुई थी जबकि 2264 लोग घायल हुए थे। वहीं 2016 में इन मामलों में कमी देखने को मिली। 2016 में 703 मामले सामने आए थे। जिसमें 86 लोगों की जान गई जबकि 2321 लोग घायल हुए। 



 

 
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